ब्रह्मपुर | ओडिशा के गंजम जिले के ब्रह्मपुर में एक चौंकाने वाली और गंभीर घटना ने क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। वरिष्ठ अधिवक्ता और ओडिशा राज्य बार काउंसिल के सदस्य पिताबास पांडा, जो स्थानीय भाजपा के वरिष्ठ नेता भी थे, को अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। इस घटना ने राजनीतिक और कानूनी दुनिया को हिला कर रख दिया है।
रात करीब 11 बजे, पांडा अपनी कार से घर लौट रहे थे, तभी दो बाइक सवार संदिग्ध उनकी गाड़ी के पास आए और अचानक गोलीबारी शुरू कर दी। गोली सीधे पांडा के सीने में लगी, जिससे वे कार से बाहर गिर पड़े। गंभीर हालत में उन्हें एमकेसीजी मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में पुष्टि की गई कि गोली उनके दिल को भेदते हुए जानलेवा साबित हुई।
गंजम जिले के पुलिस अधीक्षक शुभेंदु पात्रा और दक्षिण रेंज के पुलिस महानिरीक्षक नितिसे खेर तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और जांच में जुट गए। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, गवाहों से पूछताछ और अन्य सबूतों के आधार पर आरोपी तक पहुँचने की प्रक्रिया तेज कर दी है। हत्या के मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस अधिकारियों ने इस हत्या की पृष्ठभूमि में राजनीतिक रंजिश या पुरानी दुश्मनी की संभावना जताई है। पांडा कई विवादित और संवेदनशील मामलों से जुड़े थे, जिससे उनके विरोधी भी थे। एसपी पात्रा ने बताया कि जांच के सभी पहलुओं पर काम चल रहा है और आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।
इस घटना के बाद ओडिशा के वकीलों में भारी आक्रोश देखा गया। राज्य बार काउंसिल के सदस्य ब्रह्मपुर कोर्ट परिसर में इकट्ठा हुए और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की। वकील संघ के अध्यक्ष ने इसे न्याय व्यवस्था पर हमला करार देते हुए चेतावनी दी कि यदि आरोपियों को शीघ्र न्याय नहीं मिला तो वे बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।ब्रह्मपुर में भाजपा नेता और अधिवक्ता की हत्या से हड़कंप