बहादुरगढ़ | सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर में दीवाली के अवसर पर सिर्फ ग्रीन पटाखों के उपयोग की अनुमति दी है। लेकिन त्योहार से ठीक पहले ही हवा की गुणवत्ता चिंता बढ़ाने लगी है। गुरुवार को दिल्ली का AQI 235 जबकि बहादुरगढ़ का AQI 200 रिकॉर्ड किया गया। इसी के चलते ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) की स्टेज-1 सक्रिय कर दी गई है।
प्रदूषण नियंत्रण में सख्त कदम
प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने पर्यावरण संरक्षण के मद्देनजर तीन नोडल ऑफिसरों की नियुक्ति की है, जो हर संभव कदम उठाएंगे। इसके अलावा नाईट पेट्रोलिंग टीम लगातार रात्री पहरा दे रही है। पिछले दो दिनों में टीम ने एक अवैध औद्योगिक इकाई को डिस्मेंटल कराया और तीन अन्य इकाइयों को नोटिस जारी किया।
रीजनल ऑफिसर का बयान
प्रदूषण नियंत्रण विभाग के रीजनल ऑफिसर शैलेंद्र अरोड़ा ने बताया कि नगर परिषद, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण और लोक निर्माण विभाग को पत्र भेजकर धूल पर पानी छिड़काव और सड़कों के गड्ढे भरने की तत्काल हिदायत दी गई है। पर्यावरण अनुमति के बिना चल रही औद्योगिक इकाइयों को सख्ती से बंद किया जा रहा है। इसके साथ ही अवैध ईंधन इस्तेमाल करने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई जारी है।
सख्त निर्देश और निगरानी
आरईसीडी किट और डुअल मोड के बिना चल रहे डीजल जनरेटर पर भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। 500 वर्ग मीटर से बड़े निर्माण स्थलों को डस्ट पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। पंजीकरण नहीं कराने वाले निर्माण स्थलों को सील किया जा सकता है।
शैलेंद्र अरोड़ा ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट ने केवल ग्रीन पटाखों की अनुमति दी है। अगर अन्य हानिकारक पटाखों को बेचा या जलाया गया तो सख्त कार्रवाई होगी। बाजारों और पटाखा विक्रेताओं पर भी टीमें निगरानी रख रही हैं। नाईट पेट्रोलिंग में सभी पर्यावरणीय स्थितियों पर ध्यान रखा जा रहा है।