नई दिल्ली | तमिलनाडु के कोयंबटूर में एक मेडिकल छात्र नंदकुमार (21 वर्ष) झरने के तेज बहाव में बह गया और 3 दिन बाद उसका शव बरामद हुआ। छात्र वीकेंड पर दोस्तों के साथ ट्रिप पर गया था। इस घटना ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया।
नंदकुमार कोयंबटूर के एक प्राइवेट कॉलेज में मेडिकल का छात्र था। वीकेंड की छुट्टी पर वह 11 सदस्यों के ग्रुप के साथ कोडईकनाल घूमने निकला। सभी लोग कोडईकनाल-विलपट्टी रोड स्थित प्रसिद्ध अंजुवीदु झरना देखने पहुंचे, जो बरसात के मौसम में अक्सर उफान पर रहता है।
स्थानीय अधिकारियों ने पर्यटकों को झरने से दूर रहने की चेतावनी दी थी, लेकिन नंदकुमार और उसके चार अन्य साथी झरने के पास नहाने गए। नंदकुमार ने सीधे रास्ते की बजाय पत्थर और चट्टानों को पार करते हुए झरने के पास जाने की कोशिश की, तभी उसका पैर फिसला और वह तेज बहाव में पानी में गिर गया।
पुलिस के अनुसार, भारी बारिश के कारण झरना उफान पर था और नंदकुमार पानी की धार में बह गया। तीन दिन तक उसके लिए सर्च ऑपरेशन चलाया गया। अंततः झरने से लगभग 1 किलोमीटर दूर उसका शव बरामद हुआ। इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और पर्यटकों के बीच सुरक्षा और चेतावनी के महत्व पर सवाल खड़े कर दिए हैं।