सोनीपत | मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दादा कुशाल सिंह दहिया के बलिदान दिवस पर आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शिरकत करते हुए उनके अदम्य साहस और त्याग को नमन किया। उन्होंने कहा कि दादा कुशाल सिंह दहिया का बलिदान इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है और हरियाणा की धरती हमेशा से वीरों की जननी रही है।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत वर्षगांठ को हरियाणा में बड़े स्तर पर मनाया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य शहीदों की तपस्या, त्याग और धर्म रक्षा के संदेश को हर नागरिक तक पहुंचाना है।
मुख्यमंत्री की महत्वपूर्ण घोषणाएं
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सैनी ने क्षेत्र के विकास और विरासत संरक्षण को लेकर कई अहम घोषणाएं कीं:
- यमुनानगर में बन रहे मेडिकल कॉलेज का नाम श्री गुरु तेग बहादुर जी के नाम पर रखा जाएगा।
- जीटी रोड से बड़खालसा जाने वाली सड़क का नाम ‘दादा कुशाल सिंह दहिया मार्ग’ किया जाएगा।
- बड़खालसा सामुदायिक केंद्र का नाम ‘अमर शहीद दादा कुशाल सिंह दहिया’ रखा जाएगा।
- बड़खालसा में दादा कुशाल सिंह दहिया के शहीदी स्मारक का जीर्णोद्धार होगा।
- गांव दिपालपुर में महिलाओं और युवाओं के लिए 1 करोड़ रुपये की लागत से स्किल डेवलपमेंट पार्क बनाया जाएगा।
- दिपालपुर में 65 लाख रुपये की लागत से नया कम्युनिटी सेंटर बनेगा।
- राई विधानसभा क्षेत्र में 25 किलोमीटर सड़कों को खेत-खलिहान योजना के तहत पक्का किया जाएगा।
- तालाबों का सुंदरीकरण और विस्तारीकरण पोंड अथॉरिटी द्वारा कराया जाएगा।
- बड़खालसा में विकास कार्यों के लिए 31 लाख रुपये की विशेष अनुदान राशि जारी की जाएगी।
मुख्यमंत्री सैनी ने कहा कि दादा कुशाल सिंह दहिया का साहसिक बलिदान न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है, बल्कि राष्ट्र की चेतना को प्रेरित करने वाला संदेश भी है।
उन्होंने यह भी बताया कि 25 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कुरुक्षेत्र में आयोजित श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के कार्यक्रम में शामिल होंगे।
साथ ही, मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि 1984 दंगों में प्रभावित 121 परिवारों के एक-एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाएगी, जिससे पीड़ित परिवारों को सम्मान और सहारा मिल सके।