बहादुरगढ़। दिल्ली बॉर्डर से सटे होने के कारण बहादुरगढ़ को हमेशा हाई-अलर्ट जोन माना जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए झज्जर पुलिस कमिश्नर डॉ. राजश्री सिंह ने जिले की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए सभी अधिकारियों की बैठक बुलाई और महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने सीमावर्ती इलाकों में तैनात पुलिस को निर्देश दिए कि दिल्ली सीमा से गुजरने वाले सभी वाहनों की सख्त जांच की जाए और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति से पूछताछ में ढिलाई न बरती जाए।
गैर-वैध आय वाले संदिग्धों पर खास नजर
कमिश्नर ने उन व्यक्तियों पर विशेष निगरानी रखने को कहा जिनकी जीवनशैली उनकी वैध आय से मेल नहीं खाती। उन्होंने बताया कि ऐसे लोग जो बिना किसी स्पष्ट आय-स्रोत के महंगे गैजेट्स, ब्रांडेड कपड़े और शाही खर्चों का प्रदर्शन करते हैं, वे आपराधिक गतिविधियों से जुड़े हो सकते हैं। ऐसे सभी संदिग्ध लोगों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखते हुए समय पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
पुलिस की संवेदनशील भूमिका पर जोर
कमिश्नर ने कहा कि मौजूदा समय में पुलिस की जिम्मेदारियां और अधिक संवेदनशील हो गई हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि लोगों को सुरक्षा का मजबूत अहसास हो और अपराधियों में कानून का डर स्पष्ट दिखना चाहिए। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि आमजन को किराएदारों का अनिवार्य पुलिस वेरिफिकेशन करवाने के लिए जागरूक किया जाए, ताकि किसी भी आपराधिक तत्व को शहर की आबादी में छिपने का मौका न मिल सके।
पैट्रोलिंग और जांच को और सख्त करने के आदेश
बैठक में कमिश्नर डॉ. सिंह ने जिले में पैट्रोलिंग बढ़ाने के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लगातार गश्त से न सिर्फ अपराधों पर रोक लगती है, बल्कि जनता को भी सुरक्षा का भरोसा मिलता है। बहादुरगढ़ की लोकेशन को देखते हुए दिल्ली बॉर्डर पर आने-जाने वाले वाहनों की गहन तलाशी को अनिवार्य बताया गया।
अपराधियों और बदमाशों पर ‘ऑपरेशन ट्रैक डाउन’ के तहत सख्त कार्रवाई
कमिश्नर ने आदतन अपराधियों और समाज में डर पैदा करने वाले गिरोहों पर कठोर कार्रवाई करने के आदेश दिए। उन्होंने निर्देश दिया कि ऐसे लोगों पर लगातार नजर रखी जाए और किसी भी गतिविधि के सामने आते ही तत्काल गिरफ्तारी की प्रक्रिया शुरू की जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि गांवों के विश्वसनीय व्यक्तियों से लगातार संवाद रखकर नशे की तस्करी और अवैध गतिविधियों से जुड़ी जानकारी इकट्ठी की जाए और उसके आधार पर त्वरित छापेमारी की जाए।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक के दौरान पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) जसलीन कौर, पुलिस उपायुक्त (झज्जर) लोगेश कुमार, पुलिस उपायुक्त (बहादुरगढ़) मयंक मिश्रा और डीसीपी क्राइम अमित दहिया भी मौजूद रहे।