नई दिल्ली। एक सप्ताह तक बड़े पैमाने पर फ्लाइट रद्द रहने के बाद इंडिगो की सेवाएं अब धीरे-धीरे सामान्य हो रही हैं। एयरलाइन के ज्यादातर विमान उड़ान भर रहे हैं, लेकिन व्यवधान पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। इंडिगो ने आठवें दिन भी 60 से अधिक उड़ानें रद्द करने की घोषणा की है।
इंडिगो की वेबसाइट के अनुसार, 9 दिसंबर को कुल 67 उड़ानें रद्द की गई हैं। इनमें चेन्नई, बेंगलुरु और तिरुवनंतपुरम जैसे प्रमुख एयरपोर्ट शामिल हैं। लगातार उड़ानें रद्द होने और यात्रियों की परेशानियों के बाद केंद्र सरकार भी एक्शन मोड में आ गई है।
सात दिनों में 4500 से ज्यादा उड़ानें रद्द
पिछले एक सप्ताह में इंडिगो 4500 से अधिक उड़ानें रद्द कर चुका है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय के अनुसार, अब इंडिगो के स्लॉट में कटौती कर कुछ स्लॉट अन्य एयरलाइंस को दिए जाएंगे ताकि यात्रियों को विकल्प उपलब्ध हो सके।
केरल के तिरुवनंतपुरम में आज कई उड़ानें रद्द रहीं। तमिलनाडु में 41 और कर्नाटक के बेंगलुरु एयरपोर्ट पर 58 आगमन और 63 प्रस्थान उड़ानें रद्द की गईं। यात्रियों की परेशानी को देखते हुए सरकार स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है।
सरकार की चेतावनी, कड़ी कार्रवाई की तैयारी
केंद्रीय उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने संसद में इंडिगो को सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि मामले की जांच शुरू हो चुकी है। सरकार ऐसी कार्रवाई करेगी जो आगे सभी एयरलाइंस के लिए मिसाल बनेगी।
उन्होंने कहा कि देश को कम से कम पांच बड़ी एयरलाइंस की जरूरत है और यह नई एयरलाइंस शुरू करने का उचित समय है। फिलहाल इंडिगो देश में 2200 से अधिक उड़ानें संचालित कर रही है, जिनकी संख्या कम की जाएगी।