Mandi, 9 December-: पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि मुख्यमंत्री के पास जनता का दुख-दर्द सुनने का समय नहीं है, लेकिन एक दिन का जश्न मनाने के लिए करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि यदि वे वास्तव में जनता की स्थिति देखना चाहते हैं, तो मंडी पड्डल मैदान रैली स्थल से मात्र 20 किलोमीटर दूर स्थित पंडोह के कुकलाह जाकर देखें कि लोग किन हालात में जी रहे हैं।
जयराम ठाकुर ने कहा कि पांच महीने बीत जाने के बावजूद सरकार वहां एक वैली ब्रिज तक नहीं बना पाई, जिसके कारण मध्य सराज की करीब 15 पंचायतों के लोग आज भी पैदल आवागमन करने को मजबूर हैं। 29 जून की रात बाखली खड्ड में आई बाढ़ से कुकलाह का बगलामुखी मंदिर और कलहनी-कशौड मार्ग का पुल बह गया था, जिससे क्षेत्र पूरी तरह से कट गया।उन्होंने कहा कि मानसून आपदा में गांवों को जोड़ने वाले सड़क मार्ग और पुल तबाह हो चुके हैं, लेकिन सरकार ने अब तक इनकी बहाली के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। ग्रामीण अब भी अस्थायी रास्तों और रोपवे से सामान व राशन ढोने को मजबूर हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री, राजस्व मंत्री और लोक निर्माण मंत्री केवल बयानबाजी में व्यस्त हैं, जबकि जमीनी हकीकत कुछ और है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर सरकार मंडी में किस बात का जश्न मना रही है—जबकि दर्जनों परिवार अब भी आपदा से उबर नहीं पाए हैं और 70 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार ने अब इस आयोजन का नाम बदलकर “जनसंकल्प सम्मेलन” रख दिया है, परंतु असलियत यह है कि गारंटियों को पूरा न करने के कारण अब मुख्यमंत्री जनता के सामने जवाब देने से बच रहे हैं।