अंबाला। अंबाला छावनी के सदर बाजार चौक पर स्थित सदर टी-प्वाइंट हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज की राजनीतिक दिनचर्या का स्थायी और अनोखा केंद्र रहा है। बीते लगभग चार दशकों से यह स्थान केवल चाय पीने की जगह नहीं, बल्कि राजनीति, जनसंवाद और सामाजिक भाईचारे की जीवंत मिसाल बन चुका है।
अनिल विज रोजाना यहां अपने साथियों और स्थानीय नागरिकों के साथ बैठते हैं। चाय की चुस्कियों के बीच जिले और प्रदेश की राजनीति पर खुलकर चर्चा होती है। खास बात यह है कि यह टी-प्वाइंट विज के लिए जनता की अदालत की तरह काम करता है, जहां आम लोग बिना किसी औपचारिकता के अपनी समस्याएं रखते हैं। कई मामलों में मंत्री मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को फोन कर त्वरित समाधान के निर्देश दे देते हैं।
यह जगह केवल गंभीर राजनीतिक चर्चाओं तक सीमित नहीं रहती। यहां हल्के-फुल्के व्यंग्य, चुटकुले और कभी-कभार विज का गीत गुनगुनाना भी माहौल को जीवंत बना देता है। यहीं से वे राजनीतिक विरोधियों पर तीखे तंज भी कसते नजर आते हैं। यही बेबाकी इस टी-प्वाइंट की पहचान है।
सदर टी-प्वाइंट पर प्रदेश ही नहीं, देश की कई नामी हस्तियां और यहां तक कि बॉलीवुड से जुड़े लोग भी अनिल विज से मिलने पहुंच चुके हैं। मंत्री के आने से पहले ही समर्थकों और परिचितों की मौजूदगी यहां दिखाई देने लगती है। इस समूह को जोड़े रखने के लिए ‘सदर टी-प्वाइंट’ नाम से एक व्हाट्सएप ग्रुप भी बनाया गया है।
पार्क रोड पर स्थित यह छोटा सा टी-स्टाल, जिसे लोग चाय-चौपाल भी कहते हैं, सुबह के समय खास तौर पर गुलजार रहता है। करीब 20 बुजुर्गों और कई प्रबुद्ध नागरिकों का गुड मॉर्निंग क्लब यहां रोज सैर के बाद चाय के साथ देश-प्रदेश, समाज और निजी जीवन से जुड़े विषयों पर चर्चा करता है। समय के साथ यहां बैठने वाले लोग एक-दूसरे के सुख-दुख के साथी भी बन चुके हैं।
दिन चढ़ने के साथ व्यापारी वर्ग, छात्र और युवा भी यहां जुटते हैं। कारोबार, करियर, पढ़ाई और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा होती है। कई लोग अपनी कुर्सियां और मेज तक साथ लेकर आते हैं। गर्मी हो या सर्दी, पेड़ों की छांव में यह चाय चौपाल हर मौसम में गुलजार रहती है।
हालांकि शहर में अब आधुनिक चाय कैफे और बड़े ब्रांड्स खुल चुके हैं, लेकिन पारंपरिक चाय की दुकानों की अपनी अलग पहचान आज भी कायम है। सदर टी-प्वाइंट अब सिर्फ चाय पीने की जगह नहीं, बल्कि अनिल विज की सहज, जन-केंद्रित और संवाद आधारित राजनीति का प्रतीक बन चुका है।