पंचकूला | हरियाणा सरकार ने नए साल की शुरुआत में अंत्योदय परिवारों के उत्थान के लिए 48 नई योजनाओं की घोषणा की है। इन योजनाओं का उद्देश्य गरीब परिवारों को आवास, महिलाओं को आर्थिक सहायता और युवाओं को रोजगार तथा कौशल विकास के अवसर प्रदान करना है।
बेघर परिवारों को घर और सब्सिडी का लाभ
राज्य सरकार ने छह लाख गरीब परिवारों को घर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है। एक लाख 80 हजार रुपये तक वार्षिक आय वाले परिवारों को मकान निर्माण के लिए डेढ़ लाख रुपये की अतिरिक्त सब्सिडी दी जाएगी। जिन परिवारों के पास जमीन नहीं है, उनके लिए सरकार जमीन उपलब्ध कराएगी।
महिलाओं और वृद्धों को वित्तीय सुरक्षा
लाडो लक्ष्मी योजना के तहत महिलाओं के खातों में हर महीने 1,100 रुपये और 1,000 रुपये की एफडी जमा होगी। इस योजना से महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता मिलेगी। साथ ही बुजुर्गों, विधवाओं और दिव्यांगों की पेंशन में भी बढ़ोतरी की जाएगी। प्रदेश में गरीबी रेखा से नीचे 35 लाख से अधिक परिवारों को मुफ्त राशन की सुविधा भी दी जा रही है।
युवाओं के लिए रोजगार और कौशल प्रशिक्षण
एक लाख रुपये से कम आय वाले अंत्योदय परिवारों के सदस्यों को रोडवेज बसों में 1,000 किलोमीटर तक मुफ्त यात्रा की सुविधा दी जाएगी। स्वरोजगार और स्टार्टअप के लिए लोन और कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। हर साल पांच हजार युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, डेटा साइंस, प्रोग्रामिंग और विद्युत वाहन निर्माण के क्षेत्र में प्रशिक्षण मिलेगा।
सौर ऊर्जा और घरों में सुविधाएं
मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों की छतों पर रूफटॉप सौर पैनल लगाए जाएंगे। इससे न केवल बिजली बिल कम होगा, बल्कि अतिरिक्त बिजली को वितरण कंपनियों को बेचकर आय अर्जित की जा सकेगी।
प्रशिक्षित कारीगरों और श्रमिकों के लिए योजनाएं
मुख्यमंत्री विश्वकर्मा सम्मान योजना के तहत प्रशिक्षित कारीगरों को 5,000 रुपये का टॉप-अप मिलेगा। पांच श्रमिक सुविधा केंद्र और 150 श्रमिक शेड बनाए जाएंगे। सोनीपत, गुरुग्राम, सोहना, पलवल और बावल में नए श्रम न्यायालय खोले जाएंगे। निर्माण स्थलों पर क्रेच, प्ले स्कूल और साइट स्कूल भी स्थापित किए जाएंगे।
स्टार्टअप और उद्यमिता को बढ़ावा
200 करोड़ रुपये के वेंचर कैपिटल फंड के माध्यम से महिलाओं, गरीबों और अनुसूचित जाति/पिछड़े वर्ग के युवाओं को वित्तीय सहायता मिलेगी। फंड से पांच करोड़ तक लागत वाली परियोजनाएं स्थापित करने में मदद होगी। इसके अलावा, युवाओं को विदेशी भाषाएं सिखाकर विदेश में रोजगार पाने के अवसर भी दिए जाएंगे।