पंचकूला | भाखड़ा-ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (बीबीएमबी) के चेयरमैन मनोज त्रिपाठी की पत्नी दीप्ति त्रिपाठी की भारतीय जनता पार्टी में प्रस्तावित सदस्यता सुरक्षा कारणों से फिलहाल स्थगित कर दी गई है। खुफिया एजेंसियों से मिले इनपुट के बाद यह निर्णय लिया गया, जिसमें आतंकी संगठनों से संभावित खतरे की आशंका जताई गई थी।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार को दीप्ति त्रिपाठी अपने करीब एक हजार समर्थकों के साथ भाजपा कार्यालय पहुंचने वाली थीं, जहां उन्हें औपचारिक रूप से पार्टी की सदस्यता दिलाई जानी थी। इसी दौरान इंटेलिजेंस एजेंसियों ने अलर्ट जारी किया कि उनकी भाजपा ज्वाइनिंग को लेकर आईएसआई समर्थित नेटवर्क, रिंदा ग्रुप और प्रतिबंधित आतंकी संगठन बब्बर खालसा की ओर से जान से मारने की धमकी का इनपुट मिला है। इस सूचना के बाद प्रशासन और पार्टी स्तर पर तुरंत सुरक्षा को लेकर मंथन किया गया।
सूत्रों के मुताबिक, सुबह से दीप्ति त्रिपाठी के भाजपा में शामिल होने की खबरें मीडिया में चल रही थीं, जिससे सुरक्षा एजेंसियां और अधिक सतर्क हो गईं। बताया जा रहा है कि दीप्ति त्रिपाठी बिना किसी विशेष सुरक्षा घेरे के बड़ी संख्या में समर्थकों के बीच पहुंची थीं। संभावित खतरे को देखते हुए उनकी ज्वाइनिंग को तत्काल प्रभाव से टाल दिया गया और उनके आवास पर सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है।
भाजपा सूत्रों का कहना है कि हालात की समीक्षा के बाद अब नई तिथि तय की जाएगी। पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित होने के बाद ही दीप्ति त्रिपाठी को पार्टी की सदस्यता दिलाई जाएगी। पार्टी नेतृत्व इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा एजेंसियों के संपर्क में है।
वहीं, दीप्ति त्रिपाठी ने स्पष्ट किया कि वह लंबे समय से समाजसेवा और जनकल्याण के कार्यों से जुड़ी रही हैं और राजनीति में प्रवेश कर जनसेवा के दायरे को और व्यापक बनाना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि सुरक्षा कारणों से ज्वाइनिंग टलना एक प्रशासनिक निर्णय है और वह जल्द ही भाजपा में शामिल होंगी। साथ ही, उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को अनावश्यक रूप से राजनीतिक रंग दिए जाने पर नाराजगी भी जताई।