Shimla, 31 January-:हिमाचल प्रदेश के पंचायतीराज विभाग और राज्य निर्वाचन आयोग में हाल ही में प्रशासनिक बदलाव देखने को मिले हैं। विभाग के नए सचिव सी. पालरासु सोमवार से सचिवालय में ड्यूटी ज्वॉइन करेंगे। पालरासु के आने के साथ ही विभाग में नई ऊर्जा और प्रशासनिक दिशा की उम्मीद जताई जा रही है।
वहीं, राज्य निर्वाचन आयोग के आयुक्त अनिल खाची एक सप्ताह के लिए छुट्टी पर जाएंगे। यह बदलाव ऐसे समय हो रहा है जब प्रदेश में पंचायत चुनाव की तैयारियों को लेकर आयोग और सरकार के बीच कुछ मतभेद देखे जा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि दोनों पक्षों के बीच संवाद और तालमेल चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण होगा। आयुक्त खाची के एक सप्ताह के गैरहाजिरी के दौरान चुनाव से संबंधित अहम निर्णय सचिवालय और आयोग के अन्य अधिकारी संभालेंगे।
इस बीच, राज्य चुनाव आयोग ने हाल ही में हिमाचल प्रदेश के मतदाता आंकड़े भी जारी किए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश में कुल 55,19,709 मतदाता हैं, जिनमें 27,93,161 पुरुष और 27,26,548 महिलाएं शामिल हैं। कांगड़ा जिले में सबसे अधिक 13,17,390 मतदाता हैं, जबकि लाहौल-स्पीति जिले में सबसे कम 25,602 मतदाता हैं। अन्य प्रमुख जिलों में मंडी के 8,65,432, शिमला के 5,17,149, और ऊना के 4,37,287 मतदाता शामिल हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे प्रशासनिक बदलावों और छुट्टियों के बीच चुनाव आयोग को चुनावों की समयबद्ध तैयारियों पर ध्यान बनाए रखना होगा। प्रदेश में पंचायत चुनाव का महत्व न सिर्फ स्थानीय शासन के लिए है, बल्कि ग्रामीण विकास और प्रशासनिक पारदर्शिता को मजबूत करने के लिए भी इसे निर्णायक माना जाता है।