नई दिल्ली | पिछले कुछ समय से रिकॉर्ड तेजी के बाद अब सोना-चांदी की कीमतों में तेज गिरावट दर्ज की जा रही है। खासतौर पर चांदी अंतरराष्ट्रीय बाजार में बुरी तरह टूट गई है, जिसका सीधा असर भारतीय सर्राफा और कमोडिटी बाजार पर भी देखने को मिल रहा है। निवेशकों में चिंता बढ़ गई है और बाजार में अनिश्चितता का माहौल बन गया है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कॉमेक्स (COMEX) पर चांदी की कीमतें अपने उच्चतम स्तर से करीब 40 फीसदी तक गिर चुकी हैं। गुरुवार को कॉमेक्स पर चांदी में लगभग 20 फीसदी की बड़ी गिरावट दर्ज की गई और भाव घटकर करीब 64 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया। जबकि पिछले महीने ही चांदी की कीमत 120 डॉलर प्रति औंस के आसपास पहुंच गई थी।
इस गिरावट ने उन निवेशकों को झटका दिया है, जिन्होंने तेजी के दौरान चांदी में भारी निवेश किया था। लगातार गिरते दामों से बाजार में घबराहट का माहौल बना हुआ है और निवेशक आगे की चाल को लेकर सतर्क नजर आ रहे हैं।
वैश्विक गिरावट का असर भारतीय बाजार पर भी साफ नजर आया। MCX (मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज) पर 5 मार्च एक्सपायरी वाली चांदी का वायदा भाव 29 जनवरी को 4,30,048 रुपये प्रति किलो के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था, लेकिन अब यह करीब 1,76,000 रुपये तक टूट चुका है।
गुरुवार को शुरुआती कारोबार में चांदी का भाव गिरकर 2,30,499 रुपये प्रति किलो तक आ गया था। हालांकि बाद में थोड़ी रिकवरी देखने को मिली, लेकिन फिर भी चांदी 2,43,815 रुपये प्रति किलो पर बंद हुई। इस तरह एक ही दिन में चांदी करीब 25,000 रुपये प्रति किलो सस्ती हो गई।
चांदी के साथ-साथ सोना भी दबाव में नजर आया। 29 जनवरी को 24 कैरेट सोना 1,93,096 रुपये प्रति 10 ग्राम के उच्च स्तर पर पहुंचा था, लेकिन अब यह करीब 41,000 रुपये गिरकर गुरुवार को 1,52,071 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। विशेषज्ञों के मुताबिक आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर वैश्विक संकेतों और डॉलर की चाल पर बनी रहेगी।