नई दिल्ली। दुनिया में किसी देश की पहचान अब सिर्फ उसकी आर्थिक ताकत या सैन्य शक्ति से नहीं, बल्कि उसके जिम्मेदार व्यवहार से भी तय होने लगी है। इसी सोच को आधार बनाकर वर्ल्ड इंटेलेक्चुअल फाउंडेशन (WIF) ने Responsible Nations Index 2026 जारी किया है, जिसमें 154 देशों के प्रदर्शन का मूल्यांकन किया गया है।
इस रिपोर्ट में यह देखा गया कि कौन-सा देश अपने नागरिकों की सुरक्षा, सामाजिक कल्याण, पर्यावरण संरक्षण और अंतरराष्ट्रीय मंच पर जिम्मेदारी निभाने में कितना प्रभावी है। इंडेक्स की खास बात यह है कि इसमें GDP या सैन्य ताकत को नहीं, बल्कि पारदर्शी शासन, नैतिकता और दीर्घकालिक विकास को प्राथमिकता दी गई है।
रिपोर्ट के अनुसार, सिंगापुर ने दुनिया के सबसे जिम्मेदार देश के रूप में पहला स्थान हासिल किया है। इसके बाद स्विट्जरलैंड, डेनमार्क, साइप्रस, स्वीडन, चेकिया, बेल्जियम, ऑस्ट्रिया, आयरलैंड और जॉर्जिया टॉप-10 सूची में शामिल रहे।
वहीं भारत ने इस वैश्विक रैंकिंग में 16वां स्थान हासिल कर उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। भारत का स्कोर 0.5515 रहा, जो स्वास्थ्य सेवाओं, सामाजिक समावेशन, पर्यावरणीय पहलों और जनहितकारी योजनाओं में हुई प्रगति को दर्शाता है। रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि भारत ने अमेरिका और चीन जैसे बड़े देशों को पीछे छोड़ते हुए बेहतर स्थान प्राप्त किया है।
इंडेक्स के मुताबिक पाकिस्तान को 90वां और रूस को 96वां स्थान मिला है। रिपोर्ट यह संदेश देती है कि भविष्य में वही देश वैश्विक नेतृत्व में आगे रहेंगे, जो अपनी नीतियों में जनता की भलाई, पर्यावरण की रक्षा और अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारियों को प्राथमिकता देंगे।