हमीरपुर, अरविन्द-:हमीरपुर के एक दिवसीय दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह ने नेता प्रतिपक्ष जय राम ठाकुर पर तीखा हमला बोला। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी प्रदेश हितों के खिलाफ काम कर रही है और जनता को भ्रमित करने की राजनीति कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि आरडीजी (राज्य विकास अनुदान) बंद होने के मुद्दे पर विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश कर रहा है, जबकि इससे प्रदेश को वास्तविक नुकसान हुआ है।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि पूर्व जयराम सरकार के कार्यकाल में आरडीजी के माध्यम से हिमाचल को लगभग 54 हजार करोड़ रुपये प्राप्त हुए थे। उन्होंने दावा किया कि जब जयराम ठाकुर ने सत्ता संभाली थी, तब प्रदेश पर करीब 48 हजार करोड़ रुपये का कर्ज था, लेकिन वित्तीय कुप्रबंधन के कारण कर्ज लगातार बढ़ता गया। सुक्खू ने कहा कि यदि आरडीजी की व्यवस्था जारी रहती तो प्रदेश के कर्ज को कम करने में बड़ी मदद मिलती। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र सरकार द्वारा इस व्यवस्था को बंद करना हिमाचल के साथ अन्याय है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान स्थिति यह है कि सरकार को पुराने कर्ज चुकाने के लिए नए कर्ज लेने पड़ रहे हैं, जिससे प्रदेश की वित्तीय स्थिति ‘डेड ट्रैक’ पर पहुंच गई है। उन्होंने पूर्व सरकार पर गंभीर वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि जयराम सरकार ने अपने करीबी लोगों के लिए लगभग एक हजार करोड़ रुपये की लागत से भवन तैयार करवाए, जो आज खाली पड़े हैं। उन्होंने इसे संसाधनों की बर्बादी बताया।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री सुक्खू का हमीरपुर पहुंचने पर भव्य स्वागत किया गया। उन्होंने जसकोट स्थित निर्माणाधीन हेलीपोर्ट का निरीक्षण कर अधिकारियों को कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। इसके बाद मेडिकल कॉलेज जोलसप्पड़ में प्रस्तावित कैंसर अस्पताल और नर्सिंग कॉलेज की साइट का भी जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलेंगी और गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए बाहरी राज्यों पर निर्भरता कम होगी।
उन्होंने निर्माणाधीन नए बस अड्डे का भी निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने बताया कि हमीरपुर में चल रही तीन प्रमुख परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने मई माह तक इन परियोजनाओं को पूरा करने का टारगेट तय किया है और कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। उन्होंने दावा किया कि मेडिकल कॉलेज में भविष्य में एम्स के स्तर की सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाएंगी, जिससे मरीजों को उच्च गुणवत्ता का इलाज प्रदेश में ही मिल सकेगा।
शिक्षा के क्षेत्र में सुधारों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सीबीएसई स्कूलों के खुलने से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिलेगा। हालांकि कुछ स्थानों पर इसका विरोध हो रहा है, लेकिन सरकार का उद्देश्य बच्चों को आधुनिक और प्रतिस्पर्धी शिक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहां आवश्यकता होगी, वहां हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के स्कूल खोलने पर भी विचार किया जाएगा।मुख्यमंत्री सुक्खू ने जयराम ठाकुर के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने आरडीजी बंद होने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं से चुनाव की तैयारी करने को कहा था। सुक्खू ने कहा कि इससे साफ होता है कि भाजपा को प्रदेश की आर्थिक स्थिति से ज्यादा चुनावी राजनीति की चिंता है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष जनता के बीच भ्रम फैलाकर राजनीतिक माहौल बनाने की कोशिश कर रहा है।
हमीरपुर को प्रशासनिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में भी मुख्यमंत्री ने महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि यहां दो नए प्रदेश स्तरीय कार्यालय खोले जाएंगे। ट्रांसपोर्ट विभाग का नया विंग हमीरपुर में स्थापित किया जाएगा, जबकि शहरी विकास विभाग का मुख्यालय भी यहीं खोला जाएगा। दोनों कार्यालयों को नए बस अड्डे के भवन में संचालित करने की योजना है। उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और प्रशासनिक कामकाज में तेजी आएगी।प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के संकल्प को दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने भ्रष्टाचार के ‘चोर दरवाजे’ बंद करने का काम किया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि लागू किए जा रहे सुधारों का बोझ आम जनता पर नहीं पड़ेगा। सरकार की प्राथमिकता पारदर्शिता, वित्तीय अनुशासन और जनहित में निर्णय लेना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए दीर्घकालिक योजना पर काम किया जा रहा है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और विकास कार्यों में सरकार का सहयोग करें। सुक्खू ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में प्रदेश वित्तीय चुनौतियों से उबरकर विकास की नई राह पर आगे बढ़ेगा।