Summer express/अंबाला-:अंबाला जिले के अंब कमल स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता और “नारी शक्ति जन आक्रोश सम्मेलन” के दौरान भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बंतो कटारिया ने विपक्ष पर महिलाओं की आवाज दबाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा संसद में प्रस्तुत नारी शक्ति वंदन अधिनियम इस बार भी पारित नहीं हो सका, जिससे देश की करोड़ों महिलाओं की उम्मीदों को झटका लगा है।
कटारिया ने इस विधेयक को महिलाओं के सशक्तिकरण का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह केवल एक कानूनी प्रस्ताव नहीं, बल्कि देश की आधी आबादी की आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करता है। उनके अनुसार, महिलाएं लंबे समय से लोकतंत्र में अपनी भागीदारी बढ़ाने की मांग कर रही हैं, लेकिन राजनीतिक कारणों से यह अवसर बार-बार टलता जा रहा है।उन्होंने नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने विधेयक को पारित करवाने के लिए गंभीर प्रयास किए, लेकिन राहुल गांधी सहित विपक्षी दलों के विरोध के कारण यह संभव नहीं हो पाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की इस भूमिका से महिलाओं के अधिकारों को नुकसान पहुंचा है।कटारिया ने कहा कि यदि यह अधिनियम पारित हो जाता, तो यह भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होता। उन्होंने चेतावनी दी कि आने वाले समय में विपक्ष को इसके राजनीतिक परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।कार्यक्रम के अंत में कटारिया, मेयर सुमन बामणी और अन्य महिला कार्यकर्ताओं ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय चौक पर एकजुट होकर विरोध प्रदर्शन किया और विपक्ष के खिलाफ नारेबाजी कर अपना आक्रोश व्यक्त किया।