Summer express, हिसार | हिसार के लघु सचिवालय परिसर में भवन निर्माण कामगार यूनियन के बैनर तले श्रमिकों ने अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर महापंचायत आयोजित की। इस दौरान बड़ी संख्या में मजदूरों ने हिस्सा लिया और श्रमिक हितों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
महापंचायत में श्रमिक नेताओं ने आरोप लगाया कि श्रम कल्याण बोर्ड का ऑनलाइन पोर्टल पिछले करीब 11 महीनों से बंद पड़ा है, जिसके कारण हजारों निर्माण श्रमिकों का पंजीकरण नहीं हो पा रहा। इसके चलते मजदूर विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने से भी वंचित हैं।
यूनियन के सचिव लीलूराम ने कहा कि इस समस्या को लेकर श्रम मंत्री और मुख्यमंत्री स्तर तक कई बार मामला उठाया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला है। उन्होंने कहा कि पोर्टल बंद होने से मजदूरों के सामने गंभीर आर्थिक और सामाजिक समस्याएं खड़ी हो गई हैं।
महापंचायत को संबोधित करते हुए यूनियन के सचिव राकेश गंगवा ने कहा कि श्रमिक वर्ग लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहा है, लेकिन सरकार की ओर से अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगों का जल्द समाधान नहीं हुआ तो संगठन प्रदेश स्तर पर बड़ा आंदोलन शुरू करने के लिए मजबूर होगा।
महापंचायत में मजदूरों ने अपनी प्रमुख मांगों को भी दोहराया। इनमें श्रम कल्याण बोर्ड का पोर्टल तुरंत शुरू करना, ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा कार्यों को नियमित रूप से संचालित करना, प्रधानमंत्री आवास योजना की लंबित दूसरी किस्त जारी करना, बाढ़ प्रभावित मजदूरों और गरीब परिवारों को उचित मुआवजा प्रदान करना तथा पंचायती भूमि पर वर्षों से निवास कर रहे गरीब परिवारों को मकानों का मालिकाना हक देना शामिल है।
श्रमिक नेताओं ने कहा कि मजदूर और गरीब परिवारों से जुड़े इन मुद्दों का समाधान होने तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। महापंचायत के बाद श्रमिकों ने प्रशासन और सरकार से जल्द सकारात्मक कार्रवाई करने की मांग की।