Summer express, अंकुर कपूर, अंबाला। सावन माह की शुरुआत के साथ ही कांवड़ यात्रा ने भी रफ्तार पकड़ ली है। शिवभक्तों की सुविधा और सेवा के लिए विभिन्न स्थानों पर कांवड़ शिविर लगाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में अंबाला कैंट स्थित ग्रेस पैलेस में शुक्रवार को विधिवत झंडा पूजन कर 54वें कांवड़ सेवा शिविर का शुभारंभ किया गया। शिव कांवड़ सेवा शिविर संस्था द्वारा आयोजित यह शिविर पिछले 28 वर्षों से लगातार संचालित किया जा रहा है, जहां हरिद्वार से लौटने वाले कांवड़ियों को ठहरने, भोजन और स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं।
कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर कांवड़ यात्रा के सफल और सुरक्षित संचालन की कामना की। संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि सावन का महीना भगवान शिव को समर्पित होता है और इस दौरान लाखों श्रद्धालु हरिद्वार से गंगाजल लाकर अपने-अपने क्षेत्रों में शिवलिंग का जलाभिषेक करते हैं। ऐसे में कांवड़ियों की सेवा को पुण्य कार्य मानते हुए संस्था पिछले कई वर्षों से यह सेवा कार्य कर रही है।
शिव कांवड़ सेवा शिविर के प्रधान सुभाष गोयल ने बताया कि शिविर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए भोजन, पेयजल, विश्राम, चिकित्सा और प्राथमिक उपचार की समुचित व्यवस्था की गई है। पंजाब, हिमाचल प्रदेश और अन्य राज्यों से हरिद्वार होकर लौटने वाले कांवड़िए इस शिविर में विश्राम करते हैं। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे शिवरात्रि नजदीक आएगी, कांवड़ियों की संख्या में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।
शिविर की एक विशेषता यह भी है कि यहां श्रद्धालुओं को नशा मुक्त जीवन का संदेश दिया जाता है। संस्था द्वारा कांवड़ यात्रा को केवल धार्मिक आयोजन ही नहीं, बल्कि सामाजिक जागरूकता से जोड़ने का भी प्रयास किया जाता है। परिवार के साथ यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं के लिए अलग और सुरक्षित व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की गई हैं।
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि शिविर में पुलिस प्रशासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन किया जा रहा है। कांवड़ियों को भी पहचान पत्र साथ रखने, यातायात नियमों का पालन करने और सड़क के निर्धारित हिस्से में चलने के लिए जागरूक किया जा रहा है ताकि यात्रा सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
सावन माह के दौरान अंबाला का यह कांवड़ सेवा शिविर शिवभक्तों के लिए महत्वपूर्ण पड़ाव माना जाता है, जहां उन्हें धार्मिक आस्था के साथ-साथ सेवा और सहयोग का भी अनुभव मिलता है।