Summer express, शिमला, संजू। दिल्ली से शिमला लौटते ही हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार आंदोलन से डर गई है, जिसके चलते दिल्ली में इंटरनेट से लेकर रेलवे स्टेशन तक व्यवस्थाएं बंद की जा रही हैं। सुक्खू ने कहा कि इस तरह लोगों की आवाज दबाने और प्रतिबंध लगाने से आंदोलन और उग्र हो सकते हैं। उन्होंने केंद्र सरकार से कथित वोट चोरी की गलती स्वीकार करने और उसमें सुधार करने की मांग की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को आंदोलन करने की अनुमति दी जानी चाहिए थी। इसके लिए रामलीला मैदान या किसी अन्य उपयुक्त स्थान पर प्रदर्शन की अनुमति दी जा सकती थी। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में भी सरकार के खिलाफ आंदोलन होते हैं, लेकिन उनकी सरकार ने सभी को प्रदर्शन करने की अनुमति दी है। सुक्खू के अनुसार, लोकतंत्र में लोगों को अपनी बात रखने और विरोध दर्ज कराने का अवसर मिलना चाहिए।
सीएम सुक्खू ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के साथ केंद्र सरकार द्वारा किए गए व्यवहार पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने इसे अशोभनीय बताते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी सोमवार को सुप्रीम कोर्ट तक मार्च निकालेगी और वह स्वयं भी इसमें शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि देश की जनता अब निर्णायक लड़ाई लड़ेगी।
मुख्यमंत्री ने भाजपा पर वोट चोरी के जरिए सरकार बनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को इन आरोपों पर अपनी गलती स्वीकार कर सुधार की दिशा में कदम उठाने चाहिए। सुक्खू ने दोहराया कि लोकतंत्र में जनता की आवाज को दबाने के बजाय उसकी बात सुनना जरूरी है।