सुनील | लुधियाना
समर न्यूज
पंजाब में नशे के मुद्दे पर राजनीतिक घमासान तेज करते हुए भाजपा नेता ने आम आदमी पार्टी की सरकार को घेरा। लुधियाना के देसी ग्राउंड में दशहरा आयोजन के दौरान उन्होंने कहा कि अपने राजनीतिक करियर में वह कभी इतने दुखी नहीं हुए, जितना पंजाब में नशे के कारण जान गंवाने वाले युवाओं के परिवारों का दर्द सुनकर हुए हैं। शहीद सुखदेव थापर की पावन धरती से उन्होंने पंजाब को नशा मुक्त बनाने का संकल्प दोहराते हुए 31 दिसंबर 2029 तक राज्य से नशा खत्म करने का वादा किया। उन्होंने कहा कि देसी ग्राउंड में दशकों से रावण दहन किया जा रहा है, लेकिन आज पंजाब के सामने नशे का ऐसा संकट खड़ा है, जिसने कई परिवारों को उजाड़ दिया है। जिन घरों के युवा नशे के कारण मौत का शिकार हुए हैं, उन परिवारों के सवालों का पंजाब सरकार के पास कोई जवाब नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि तीन महीने के भीतर नशा खत्म करने का वादा करके सत्ता में आई सरकार के कार्यकाल में नशे की समस्या लगातार क्यों बढ़ रही है?
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने पर उन्हें अपशब्द सुनने पड़ते हैं। उन्होंने कहा, “मैं पंजाब सरकार के अपशब्द सुनने को तैयार हूं, लेकिन पंजाब से नशा खत्म होना चाहिए।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सुरक्षा व्यवस्था में तैनात लोग तक नशे के मामलों में पकड़े जा रहे हैं और नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों की हत्या तक हो रही है। उन्होंने गुजरात के बंदरगाह पर 30 हजार की ड्रग पकड़े जाने का जिक्र करते हुए नशा तस्करी के नेटवर्क पर सवाल उठाए। साथ ही दावा किया कि पंजाब के हर जिले में नशा तस्करों के गैंग सक्रिय हैं और नशे की खेप पकड़े जाने के बाद भी फॉरेंसिक लैब में उनके परीक्षण नहीं हो पा रहे। इन आरोपों पर संबंधित विभागों और सरकार का पक्ष सामने आना बाकी है।
जांच में दोषियों को पाताल से ढूंढकर लाने का दावा
भगवंत मान सरकार की ओर से केंद्र सरकार को सौंपी गई जांच का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता से वादा है कि इस मामले के आरोपियों को पाताल से भी ढूंढकर लाया जाएगा। उन्होंने आम आदमी पार्टी से सवाल किया कि सत्ता में आने के बाद भी नशे पर प्रभावी रोक क्यों नहीं लग पाई? उन्होंने कहा कि देश में अनुच्छेद 370 हटाने, आतंकवाद और नक्सली हिंसा जैसी चुनौतियों से निपटने के बाद अब पंजाब से नशे को समाप्त करने का लक्ष्य रखा जाएगा। अंत में उन्होंने नशे के कारण जान गंवाने वाले युवाओं को सच्ची श्रद्धांजलि देते हुए पंजाब के लोगों से अपील की कि नशे के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद रखें और इस लड़ाई में एकजुट हों।