Summer express/शिमला-:- शिमला की सबसे ऊंची चोटी पर स्थित ऐतिहासिक जाखू मंदिर में अधर्म पर धर्म की विजय का प्रतीक विजयदशमी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू धर्मपत्नी एवं विधायक कमलेश ठाकुर के साथ कार्यक्रम में पहुंचे। मुख्यमंत्री ने श्री जाखू मंदिर में शीश नवाया और इसके बाद रिमोट के माध्यम से रावण दहन किया। इस दौरान पूरा मंदिर परिसर जय श्री राम के जयघोष से गूंज उठा। बड़ी संख्या में लोग इस पल के साक्षी बने। मुख्यमंत्री ने प्रदेश और देशवासियों को दशहरे की बधाई देते हुए सभी के कल्याण और बेहतर स्वास्थ्य की कामना की।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने विजयदशमी के पावन अवसर पर प्रदेशवासियों को दशहरे की शुभकामनाएं दीं। शिमला के ऐतिहासिक जाखू मंदिर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने रावण दहन कर बुराई पर अच्छाई और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया। मुख्यमंत्री अपनी धर्मपत्नी एवं विधायक कमलेश ठाकुर के साथ जाखू मंदिर पहुंचे थे। यहां उन्होंने शीश नवाया और रिमोट के माध्यम से रावण दहन किया। इस दौरान मंदिर परिसर जय श्री राम के जयघोष से गूंज उठा। बड़ी संख्या में लोग इस आयोजन के साक्षी बनने के लिए पहुंचे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन परंपरा में दशहरे का पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं और त्योहारों की भूमि है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों के बेहतर स्वास्थ्य और परिवारों के कल्याण की कामना की। उन्होंने प्रार्थना की कि देवी-देवताओं का आशीर्वाद प्रदेश और सरकार पर बना रहे। साथ ही, देवी-देवता हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अपना आशीर्वाद प्रदान करें। मुख्यमंत्री ने जय श्री राम का नारा लगाते हुए सभी प्रदेशवासियों को विजयदशमी के पावन पर्व की बधाई दी।