18 June, 2025
योग न केवल मानसिक शांति का साधन है, बल्कि यह शरीर को रोगों से बचाने में भी बेहद प्रभावी है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि योग को प्रतिदिन की दिनचर्या में शामिल किया जाए, तो कई शारीरिक और मानसिक बीमारियों से बचा जा सकता है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (21 जून) के मद्देनज़र देशभर में योग को लेकर जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। डॉक्टरों और आयुर्वेद विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित योग अभ्यास से शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, तनाव कम होता है और पाचन तंत्र सहित हृदय, फेफड़े और मांसपेशियों की कार्यक्षमता बेहतर होती है।
योग से मिलते हैं ये फायदे:
- तनाव और चिंता में राहत: प्राणायाम और ध्यान (मेडिटेशन) से मानसिक संतुलन बना रहता है।
- इम्यून सिस्टम मजबूत: नियमित योग शरीर में ऊर्जा का प्रवाह बढ़ाता है और रोगों से लड़ने की क्षमता विकसित करता है।
- हृदय रोग और मधुमेह में नियंत्रण: योग से ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर संतुलित रहता है।
- शरीर में लचीलापन और संतुलन: आसनों से मांसपेशियों में ताकत और लचीलापन बढ़ता है।
विशेषज्ञों की राय:
योगाचार्य डॉ. रजनी वर्मा कहती हैं, “आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में लोग मानसिक और शारीरिक रूप से कमजोर होते जा रहे हैं। योग एक ऐसा माध्यम है जो न केवल रोगों से बचाता है, बल्कि जीवन में संतुलन भी लाता है।”
सरकार भी स्कूली शिक्षा से लेकर कार्यस्थलों तक योग को बढ़ावा देने के प्रयास कर रही है। विशेषज्ञों का सुझाव है कि दिन की शुरुआत 20 से 30 मिनट योग से करने से जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं।
निष्कर्ष:
रोगों से बचाव के लिए योग एक कारगर और सहज उपाय है। इसे अपनाकर हम न केवल खुद को स्वस्थ रख सकते हैं, बल्कि समाज को भी स्वस्थ दिशा में अग्रसर कर सकते हैं।