Shimla, Sanju-:हिमाचल प्रदेश में हालिया बर्फबारी जहां सैलानियों के लिए सुकून और खूबसूरती लेकर आई, वहीं ऊंचाई वाले ग्रामीण इलाकों में यही बर्फ लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी के लिए परेशानी बन गई। शिमला जिले के कोटखाई क्षेत्र की रत्नाड़ी पंचायत से ऐसी ही एक तस्वीर सामने आई है, जहां भारी बर्फबारी के कारण पीने के पानी का संकट गहरा गया।
लगातार जमी बर्फ के चलते गांव की पानी की पाइपलाइनें पूरी तरह जम गईं।नलों में पानी आना बंद हो गया, टंकियां खाली हो गईं और ग्रामीणों को एक-एक बूंद पानी के लिए संघर्ष करना पड़ा। हालात इतने बिगड़ गए कि कई परिवारों को दूर-दराज से पानी लाने की नौबत आ गई।इसी मुश्किल समय में गांव के युवाओं ने आगे बढ़कर जिम्मेदारी संभाली।प्रवीण, पवन, सौरभ, ऋषभ, रिंकु और अश्वनी ने हालात को देखते हुए खुद फावड़े और औजार उठाए। भारी बर्फबारी और कड़ाके की ठंड के बीच इन युवाओं ने जमी हुई पाइपलाइनों से बर्फ हटाई और घंटों की कड़ी मेहनत के बाद पानी की सप्लाई को दोबारा चालू कर दिया।इन युवाओं की पहल से न सिर्फ गांव में पानी की समस्या दूर हुई, बल्कि उन्होंने यह भी साबित कर दिया कि जब हौसला और एकजुटता हो, तो बर्फ जैसी मुश्किल भी रास्ता नहीं रोक सकती। रत्नाड़ी पंचायत के युवाओं ने समाज के सामने सहयोग और जिम्मेदारी की एक प्रेरणादायक मिसाल पेश की.