शिमला, संजू-:शिमला में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला।उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार केंद्र से भरपूर आर्थिक सहायता मिलने के बावजूद लगातार केंद्र को दोषी ठहरा रही है। जयराम ठाकुर ने कहा कि RDG (Revenue Deficit Grant) का मुद्दा केवल एक बहाना है और सरकार अपनी राजनीतिक विफलताओं को छिपाने के लिए पूर्व भाजपा सरकार तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कोस रही है।उन्होंने कहा कि यदि सरकार प्रदेश के वित्तीय हालात संभालने में असमर्थ है तो उसे यह स्वीकार कर पद छोड़ देना चाहिए। जयराम ठाकुर ने स्पष्ट किया कि भाजपा को सत्ता में आने की कोई जल्दबाज़ी नहीं है, लेकिन प्रदेश की जनता वर्तमान सरकार से त्रस्त हो चुकी है और वह चाहती है कि सरकार जल्द से जल्द विदा हो।
RDG बंद होने के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि सरकार सदन में अपना पक्ष मजबूती से नहीं रख सकी। उनका आरोप था कि मुख्यमंत्री ने सदन में गलत और विरोधाभासी तथ्य प्रस्तुत किए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के इतिहास में ऐसा पहली बार हो रहा है कि मुख्यमंत्री बार-बार तथ्यों को बदलकर पेश कर रहे हैं। विपक्ष को अपनी बात रखने का अवसर भी नहीं दिया गया और जब मुख्यमंत्री राजनीतिक भाषण दे रहे थे, तब उसका विरोध किया गया।जयराम ठाकुर ने दावा किया कि डॉ. मनमोहन सिंह के कार्यकाल में दो वित्त आयोगों से हिमाचल को लगभग 18 हजार करोड़ रुपये मिले थे, जबकि मोदी सरकार के दौरान दो वित्त आयोगों से 89,254 करोड़ रुपये की RDG प्राप्त हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि UPA सरकार के समय हिमाचल के साथ अन्याय हुआ, जबकि वर्तमान केंद्र सरकार ने विभिन्न मदों में प्रदेश को करीब सवा दो लाख करोड़ रुपये की सहायता दी है।उन्होंने मुख्यमंत्री के बयानों में विरोधाभास का भी उल्लेख किया। उनके अनुसार, एक दिन मुख्यमंत्री ने 23 हजार करोड़ रुपये ऋण लेने और 26 हजार करोड़ चुकाने की बात कही, जबकि अगले दिन 35,482 करोड़ रुपये ऋण लेने और 27 हजार करोड़ चुकाने का बयान दिया। भाजपा ने इन्हीं तथ्यों पर आपत्ति जताई।
जयराम ठाकुर ने कहा कि भाजपा सरकार ने अपने कार्यकाल में 40,672 करोड़ रुपये का ऋण लिया और 38,276 करोड़ रुपये चुकाए, जिसमें मात्र 2,076 करोड़ का अंतर रहा। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस सरकार ने 40 हजार करोड़ से अधिक का कर्ज लिया है, लेकिन ऋण अदायगी की दर कम रही है। उनके अनुसार, भाजपा ने 95 प्रतिशत ऋण चुकाया, जबकि वर्तमान सरकार ने केवल 60 प्रतिशत चुकाया।उन्होंने अंत में कहा कि RDG का मुद्दा केवल राजनीतिक हथियार है और कांग्रेस सरकार अपनी आंतरिक उथल-पुथल से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है। प्रदेश की जनता अब बदलाव की प्रतीक्षा कर रही है।