Summer Express, झज्जर। रोहतक-झज्जर-रेवाड़ी रेलवे लाइन पर एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई। जिला मुख्यालय पर तैनात एक पुलिस अधिकारी के स्टाफ में शामिल होमगार्ड जवान ने अपनी पत्नी को गले लगाकर मदार एक्सप्रेस ट्रेन के आगे लेटकर आत्महत्या कर ली। इस घटना में पति-पत्नी दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
मृतकों की पहचान गांव जौंधी निवासी 28 वर्षीय सुनील कुमार और उसकी 24 वर्षीय पत्नी हिमांशी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि सुनील उस समय चार दिन की छुट्टी पर था। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे पुलिस चौकी प्रभारी राकेश कुमार एफएसएल टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुनील अपनी पत्नी के साथ जौंधी और गुढ़ा गांव के पास रेलवे फाटक के निकट पहुंचा। उसने बाइक फाटक के पास खड़ी कर दी। जब मदार एक्सप्रेस वहां से गुजरने वाली थी, तब दोनों एक-दूसरे को गले लगाकर रेलवे ट्रैक पर लेट गए। ट्रेन उन्हें करीब 200 मीटर तक घसीटते हुए ले गई। बाद में ट्रेन को थोड़ा पीछे किया गया और युवक का शव नीचे से निकाला गया।
घटना के बाद दोनों के शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए झज्जर के सामान्य अस्पताल लाया गया। दोनों पक्षों के बीच बातचीत और बयान दर्ज करने की प्रक्रिया चलती रही, जिसके चलते पोस्टमॉर्टम शुरू नहीं हो पाया था। इस दौरान मृतका के मायके पक्ष ने आरोप लगाया कि हिमांशी को पहले से परेशान किया जा रहा था। जिला परिषद चेयरमैन कप्तान बिरधाना, भाजपा नेता संत सुरहेती सहित कई स्थानीय लोग भी अस्पताल पहुंचे।
परिजनों के अनुसार सुनील और हिमांशी घर से यह कहकर निकले थे कि हिमांशी की पेशाब की नलकी बदलवाने अस्पताल जा रहे हैं। हालांकि रेलवे फाटक से कुछ दूरी पहले ही उन्होंने नलकी निकालकर फेंक दी थी। जौंधी गांव से घटना स्थल की दूरी करीब 10 से 12 किलोमीटर बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार सुनील और हिमांशी की शादी करीब ढाई वर्ष पहले हुई थी। सात महीने पहले ही हिमांशी ने एक बेटी को जन्म दिया था। बताया जा रहा है कि हिमांशी लंबे समय से किडनी की बीमारी से जूझ रही थी और इसी वजह से वह काफी तनाव में रहती थी। दो दिन पहले उसकी तबीयत बिगड़ने पर बच्ची को उसकी बुआ के पास भेज दिया गया था।
रेलवे पुलिस चौकी प्रभारी राकेश कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शवों को अस्पताल भिजवाया गया। दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं, जिनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।