Summer Express,करनाल | हरियाणा के करनाल जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो ने वन विभाग के एक अधिकारी को डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पर एक किसान को झूठे आरोपों में फंसाने और उसे डराकर अवैध वसूली करने का आरोप है।
जानकारी के मुताबिक, आरोपी फॉरेस्ट ऑफिसर चांदवीर ने असंध-जींद रोड क्षेत्र में एक किसान पर सरकारी जमीन पर कब्जा करने और अवैध रूप से पेड़ काटने के मनगढ़ंत आरोप लगाए। किसान अपने खेत में फार्म हाउस के लिए रास्ता साफ करवा रहा था, तभी अधिकारी ने उसे कार्रवाई का डर दिखाया।
आरोपी ने किसान को 15 लाख रुपये के भारी जुर्माने का भय दिखाकर मानसिक दबाव बनाया। इतना ही नहीं, उसने जेसीबी मशीन से फार्म हाउस के रास्ते में गड्ढे खुदवाकर किसान को और अधिक परेशान किया। बाद में मामला सुलझाने के नाम पर डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत की मांग की गई।
पीड़ित किसान ने इस संबंध में एसीबी से शिकायत की, जिसके बाद इंस्पेक्टर सुल्तान सिंह के नेतृत्व में टीम ने जाल बिछाया। योजना के तहत किसान को पाउडर लगे नोट दिए गए और आरोपी को पैसे लेने के लिए बुलाया गया।
असंध रोड स्थित एक प्रॉपर्टी डीलर के कार्यालय में जैसे ही किसान ने आरोपी को पैसे दिए, पहले से मौजूद एसीबी टीम ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान आरोपी के हाथ धुलवाने पर रिश्वत लेने की पुष्टि हुई।
आरोपी का करनाल के नागरिक अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसके बाद उसे अदालत में पेश किया गया। कोर्ट ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
एसीबी ने कहा है कि मामले में अन्य किसी की संलिप्तता सामने आने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आम जनता से अपील की गई है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी रिश्वत मांगता है तो इसकी सूचना तुरंत एसीबी को दें, ताकि भ्रष्टाचार पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।