Summer express/धर्मशाला, राहुल -:धर्मशाला में राज्यसभा सांसद अनुराग शर्मा ने नीट परीक्षा रद्द होने के मुद्दे पर केंद्र सरकार और परीक्षा प्रणाली पर सवाल खड़े किए। पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि परीक्षा रद्द होने से देशभर के लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों ने वर्षों की मेहनत और कठिन तैयारी के बाद परीक्षा दी थी, लेकिन पेपर लीक जैसी घटनाओं ने उनके सपनों को झटका पहुंचाया है।
अनुराग शर्मा ने कहा कि देशभर में करीब 24 लाख छात्रों ने नीट परीक्षा दी थी, जबकि हिमाचल प्रदेश से लगभग 32 हजार विद्यार्थियों ने भाग लिया। उन्होंने बताया कि कांगड़ा जिला में सबसे अधिक परीक्षार्थी थे और धर्मशाला में भी करीब दो हजार छात्रों ने परीक्षा दी थी। उनके अनुसार, परीक्षा रद्द होने के बाद विद्यार्थी मानसिक तनाव और असमंजस की स्थिति में हैं।उन्होंने कहा कि कई छात्र घरों से दूर रहकर कोचिंग संस्थानों में तैयारी करते हैं और अभिभावक भी बच्चों की पढ़ाई के लिए आर्थिक दबाव झेलते हैं। ऐसे में पेपर लीक और परीक्षा रद्द होने की घटनाएं शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक संरक्षण के बिना इस तरह की घटनाएं संभव नहीं हैं और निष्पक्ष जांच जरूरी है।राज्यसभा सांसद ने मांग की कि पूरे मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में गठित विशेष समिति से करवाई जाए, ताकि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो सके। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी विद्यार्थियों और उनके परिवारों के साथ खड़ी है तथा छात्रों के हितों की रक्षा के लिए आवाज उठाती रहेगी।