Summer express/राहुल चावला, कांगड़ा-:डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल टांडा में बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता को लेकर भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने अस्पताल में ग्लव्स और पैरासिटामोल जैसी आवश्यक सामग्री की कथित कमी पर चिंता जताते हुए व्यवस्थाओं के लिए जिम्मेदारी तय करने की मांग की है।सुधीर शर्मा ने कहा कि टांडा मेडिकल कॉलेज की स्थापना का उद्देश्य कांगड़ा, चंबा, हमीरपुर और ऊना सहित निचले हिमाचल के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाना था। उन्होंने कहा कि इतने बड़े मेडिकल संस्थान में यदि ग्लव्स और पैरासिटामोल जैसी सामान्य जरूरत की चीजें भी उपलब्ध नहीं हैं, तो यह व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
भाजपा विधायक ने कहा कि पहले रोगी कल्याण समिति (RKS) के माध्यम से अस्पताल स्तर पर छोटी-छोटी आवश्यकताओं की खरीद की व्यवस्था थी। इससे मरीजों की तत्काल जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलती थी। उनका आरोप है कि आरकेएस का पैसा सीधे ट्रेजरी में जमा किए जाने के बाद अस्पताल की तत्काल जरूरतों को पूरा करने की प्रक्रिया प्रभावित हुई है।उन्होंने कहा कि टांडा मेडिकल कॉलेज के निर्माण और विकास में पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय वीरभद्र सिंह और स्वर्गीय जीएस बाली की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। सुधीर शर्मा ने कहा कि मौजूदा स्थिति चिंताजनक है और इसके लिए मरीजों, चिकित्सकों या अस्पताल प्रशासन को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है।उन्होंने कहा कि अस्पताल में व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है और यदि मरीजों को आवश्यक सुविधाएं नहीं मिल रही हैं, तो सरकार को इसका जवाब देना चाहिए। उन्होंने व्यवस्था में तत्काल सुधार की मांग की।