अमेरिका | अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की विवादित नीति को एक बार फिर झटका लगा है। ट्रंप प्रशासन की उस योजना पर संघीय जिला न्यायालय ने शुक्रवार को रोक लगा दी, जिसमें कहा गया था कि अवैध प्रवासियों के अमेरिका में जन्मे बच्चों को नागरिकता नहीं दी जाएगी।
बोस्टन के संघीय न्यायाधीश लियो सोरोकिन ने फैसले में कहा कि ट्रंप का आदेश अमेरिकी संविधान के 14वें संशोधन का सीधा उल्लंघन करता है, जो जन्म के आधार पर नागरिकता की गारंटी देता है। इस फैसले को कई राज्यों ने अदालत में चुनौती दी थी, और अब कोर्ट ने साफ कर दिया है कि अमेरिका में जन्म लेने वाला हर बच्चा, चाहे माता-पिता की कानूनी स्थिति जो भी हो, अमेरिकी नागरिक कहलाएगा।
न्यू जर्सी के अटॉर्नी जनरल मैथ्यू प्लैटकिन ने फैसले का स्वागत करते हुए कहा, “अमेरिका में जन्मे बच्चे अमेरिकी हैं। राष्ट्रपति कोई भी हो, वह एक आदेश से संविधान नहीं बदल सकता।”
यह तीसरा मौका है जब किसी संघीय अदालत ने इस नीति पर रोक लगाई है। विशेषज्ञों का मानना है कि अब यह मामला सीधे अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट की चौखट तक पहुंच सकता है।