Shimla, 29 June
हिमाचल प्रदेश सरकार ने शुक्रवार को हुई कैबिनेट बैठक में कई जनहितैषी निर्णयों को मंजूरी दी। इनमें आपदा प्रबंधन, पशुपालन, पर्यटन, दुग्ध उत्पादन और पुलिस बल को लेकर अहम फैसले शामिल हैं।
हर पंचायत में बनेगी आपदा प्रबंधन यूनिट
राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि प्रत्येक पंचायत स्तर पर आपदा प्रबंधन यूनिट स्थापित की जाएगी, ताकि प्राकृतिक आपदाओं के समय त्वरित राहत और बचाव कार्य सुनिश्चित किया जा सके। हाल ही में भारी बारिश से राज्य में अब तक ₹300 करोड़ से अधिक का नुकसान हुआ है और 17 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। वर्तमान में 37 सड़कें यातायात के लिए बंद हैं।
पशुपालन विभाग में 500 नए पशु मित्र
पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए 500 पशु मित्रों की नियुक्ति को मंजूरी दी गई है। चयनित अभ्यर्थियों को ₹5000 प्रतिमाह मानदेय मिलेगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में पशु सेवा को सशक्त किया जा सकेगा।
दुग्ध उत्पादकों के लिए प्रोत्साहन योजना
राज्य में दुग्ध प्रोत्साहन योजना लागू की जाएगी। इसके अंतर्गत:
- पात्र डेयरी सहकारी समितियों के माध्यम से दूध देने वाले किसानों को ₹2500 प्रतिमाह का अनुदान मिलेगा।
- साथ ही, दूध पर ₹3 प्रति लीटर की अतिरिक्त सहायता डीबीटी (DBT) के माध्यम से दी जाएगी।
मल्टी टास्क वर्करों और पुलिस विभाग को राहत
- लोक निर्माण विभाग में कार्यरत मल्टी टास्क वर्करों के मानदेय में ₹500 की बढ़ोतरी की गई है।
- देहरा जिला पुलिस लाइन में 101 नए पद सृजित किए जाएंगे, जिससे स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ होगी।
पर्यटन और ऊर्जा क्षेत्र में नए कदम
- हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (HPTDC) का प्रबंध निदेशक कार्यालय धर्मशाला स्थानांतरित किया जाएगा। हालांकि, आउटसोर्स कर्मचारियों को नहीं हटाया जाएगा।
- सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए:
- जनजातीय क्षेत्रों में 100 किलोवाट से 1 मेगावाट तक की परियोजनाओं पर 5% ब्याज अनुदान,
- गैर-जनजातीय क्षेत्रों में 250 किलोवाट से 2 मेगावाट तक की परियोजनाओं पर 4% ब्याज अनुदान दिया जाएगा।