नई दिल्ली | भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के कई हिस्सों में अगले एक हफ्ते तक भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्व और दक्षिण भारत में मानसून पूरी तरह सक्रिय है और इसका प्रभाव बड़े पैमाने पर देखा जाएगा।
उत्तर भारत में मूसलाधार बारिश की संभावना
हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में आने वाले दिनों में जोरदार बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने इन राज्यों में भूस्खलन, जलभराव और बाढ़ जैसे खतरे की आशंका जताई है।
मध्य और पूर्व भारत में भी मौसम का बदला मिजाज
मध्य प्रदेश, विदर्भ, छत्तीसगढ़, बिहार, पश्चिम बंगाल, झारखंड और सिक्किम में भी बारिश का दौर जारी रहेगा। झारखंड और ओडिशा के कई हिस्सों में नदियों का जलस्तर बढ़ने और शहरी इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है।
पश्चिम और दक्षिण-पश्चिम भारत पर भी असर
गुजरात, कोंकण-गोवा और मध्य महाराष्ट्र के कई इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान है। सौराष्ट्र और कच्छ क्षेत्र में भी तेज़ बारिश की संभावना जताई गई है। लोगों को निचले इलाकों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत भी अलर्ट पर
पूर्वोत्तर राज्यों—असम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय में भी मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। वहीं आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, केरल और कर्नाटक के तटीय क्षेत्रों में सप्ताह के मध्य तक अच्छी बारिश होने की संभावना है।
जुलाई में सामान्य से अधिक वर्षा का पूर्वानुमान
IMD के मुताबिक, जुलाई के महीने में देश के कई हिस्सों में सामान्य से अधिक बारिश हो सकती है, खासतौर पर मध्य भारत, उत्तराखंड और हरियाणा में। दूसरी ओर, पूर्वोत्तर, पूर्वी और दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में बारिश सामान्य से कम रह सकती है।
नदियों और जलाशयों पर रहे नजर
IMD के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्रा ने जानकारी दी कि गोदावरी, महानदी और कृष्णा नदी घाटियों में बारिश की मात्रा सामान्य से अधिक हो सकती है। यदि बारिश तेज़ होती है, तो इन क्षेत्रों में बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है।
शहरी और पहाड़ी क्षेत्रों में विशेष सतर्कता जरूरी
उत्तराखंड, हरियाणा और दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में अच्छी बारिश की संभावना है, जिससे दिल्ली, लखनऊ, पटना और मुंबई जैसे शहरों में जलजमाव और ट्रैफिक जाम की स्थिति बन सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़कों के बंद होने जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।
जनता और प्रशासन के लिए सुझाव
- नदियों और डैम के पास न जाएं
- भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें
- प्रशासन की चेतावनियों का पालन करें
- फसल और पशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करें
- शहरी क्षेत्रों में जलनिकासी व्यवस्था को सक्रिय करें