Facebook-f Youtube X-twitter

सावन का शुभारंभ: “बोल बम” के जयकारों के साथ शुरू हुई कांवड़ यात्रा, जानें धार्मिक महत्व और परंपराएं

11 July, 2025

आज, 11 जुलाई से पवित्र सावन माह की शुरुआत हो गई है, और इसके साथ ही देशभर में शिवभक्तों द्वारा कांवड़ यात्रा की भी विधिवत शुरुआत हो चुकी है। “बोल बम” के जयकारों से गूंजते मार्गों पर हजारों श्रद्धालु गंगाजल लेने के लिए पवित्र नदियों की ओर बढ़ चले हैं। ये भक्तजन गंगा से जल भरकर भगवान शिव का जलाभिषेक करने के लिए लंबी पैदल यात्रा करते हैं।

कांवड़ यात्रा की तिथि और महत्व
इस वर्ष सावन माह के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि 11 जुलाई को तड़के 2:06 बजे से शुरू हुई। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यह समय अत्यंत शुभ और पवित्र माना गया है। इस विशेष योग में कांवड़ यात्रा का आरंभ होना विशेष फलदायी माना जाता है।

कब तक चलेगी यात्रा?
यह यात्रा 11 जुलाई से शुरू होकर 23 जुलाई तक चलेगी। इसके पश्चात, शिवभक्त अपने गृहनगर या नजदीकी शिवालय में जाकर भगवान शिव का गंगाजल से अभिषेक करेंगे। सावन माह का समापन 9 अगस्त, शनिवार को होगा।

पहला कांवड़िया: पौराणिक कथाओं की झलक
मान्यताओं के अनुसार, समुद्र मंथन के समय जब विष निकला, तो भगवान शिव ने उसे पीकर त्रिलोक की रक्षा की। विष की तीव्रता से उत्पन्न जलन को शांत करने के लिए देवताओं ने पवित्र नदियों के जल से उनका अभिषेक किया। तभी से सावन में जल चढ़ाने की परंपरा आरंभ हुई।

एक अन्य कथा में लंका नरेश रावण को प्रथम कांवड़िया माना गया है। मान्यता है कि उसने सावन के दौरान गंगाजल लाकर भगवान शिव का पूजन किया था।

कांवड़ यात्रा का आध्यात्मिक और धार्मिक महत्व

  • यह यात्रा शिवभक्तों के लिए भक्ति, समर्पण और शुद्धता का प्रतीक है।
  • ऐसा माना जाता है कि भगवान शिव कांवड़ यात्रा से अत्यंत प्रसन्न होते हैं।
  • भक्त को पाप, भय और दुखों से मुक्ति मिलती है।
  • गंगाजल से अभिषेक करने पर मोक्ष प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त होता है।
  • कांवड़ियों को शिव का परम भक्त माना जाता है।

यात्रा के नियम और आचार-संहिता

  • पूर्ण सात्विक जीवन का पालन करें।
  • यात्रा के दौरान संयम, शांति और स्वच्छता बनाए रखें।
  • मांसाहार, मादक पदार्थ और तामसिक आहार से दूरी रखें।
  • पूरी श्रद्धा और धैर्य के साथ यात्रा पूर्ण करें।

Chandrika

chandrika@summerexpress.in

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Trending

धर्मशाला–मैक्लोडगंज मार्ग पर भूस्खलन से क्षतिग्रस्त सड़क के पुनर्निर्माण में देरी

धर्मशाला,राहुल-:धर्मशाला से मैक्लोडगंज को जोड़ने वाले महत्वपूर्ण मार्ग पर कोतवाली बाजार के रास्ते डीसी आवास के समीप हुए भूस्खलन के कारण क्षतिग्रस्त सड़क के पुनर्निर्माण का कार्य अभी तक शुरू नहीं हो पाया है। लोक निर्माण विभाग इस कार्य को आगे बढ़ाने के लिए एनआईटी हमीरपुर के विशेषज्ञों की सलाह का इंतजार कर रहा है।...

कमला नेहरू अस्पताल से गायनी वार्ड शिफ्ट करने के फैसले पर बवाल, भाजपा का धरना

शिमला,संजू-:शिमला में मातृ एवं शिशु अस्पताल कमला नेहरू (KNH) से गायनी वार्ड को IGMC शिफ्ट करने के फैसले का विरोध तेज होता जा रहा है। जनवादी महिला समिति के बाद अब भाजपा भी खुलकर सरकार के खिलाफ उतर आई है। भाजपा जिला शिमला ने अस्पताल के बाहर धरना-प्रदर्शन कर प्रदेश सरकार से इस निर्णय को...

कोटखाई में ओलावृष्टि से नुकसान का सर्वे तेज, ट्रैफिक और नशा मुक्ति पर प्रशासन सख्त

शिमला,संजू-:कोटखाई के एसडीएम अभिषेक भरवाल ने हाल ही में हुई ओलावृष्टि और बर्फबारी से हुए नुकसान को लेकर बड़ा अपडेट दिया है। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे तेज कर दिया है ताकि जल्द मुआवजा दिया जा सके। इसके साथ ही ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने और नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाने की भी तैयारी की...

पंचायत चुनावों में पार्टी आधार नहीं होगा मान्य, भाजपा पर महिला आरक्षण को लेकर सियासत का आरोप-मुख्यमंत्री

शिमला,संजू-:  हिमाचल प्रदेश की राजनीति में अहम संकेत देते हुए मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने स्पष्ट किया है कि आगामी पंचायत चुनाव पार्टी के आधार पर नहीं लड़े जाएंगे। प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में आयोजित कार्यसमिति की पहली बैठक में शामिल होने पहुंचे मुख्यमंत्री ने मीडिया से बातचीत में कहा कि पंचायत स्तर पर...

नूरपुर में गैस सिलेंडर की किल्लत से जनता परेशान,वितरण व्यवस्था पर उठे सवाल

नूरपुर ,संजीव-:नूरपुर क्षेत्र में गैस सिलेंडरों की कमी को लेकर आम जनता में गहरी नाराज़गी देखने को मिल रही है। स्थानीय निवासियों ने गैस वितरण प्रणाली को अव्यवस्थित बताते हुए प्रशासन से तत्काल सुधार की मांग की है। लोगों का कहना है कि वर्तमान व्यवस्था के कारण उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा...

हम लाते हैं तेज़, साफ़ और भरोसेमंद ख़बरें — शोर के बीच भी सच्चाई तक पहुंचाने वाली।
चाहे ब्रेकिंग न्यूज़ हो या आपके लिए अहम कहानियाँ, हर दिन हम देते हैं समझदारी और रोचक अंदाज़ में कवरेज।

Must Read

©2025- All Right Reserved.