Chandigarh, 12 October
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में आज हुई हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक में अनेक संशोधनों, अधिनियमों और नीतिगत निर्णयों को मंजूरी दी गई। बैठक में प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने, सुशासन को प्रोत्साहन देने और नागरिक सेवाओं को सरल बनाने पर बल दिया गया।
हरियाणा कारागार (संशोधन) नियम, 2025 को मंजूरी
मंत्रिमंडल ने हरियाणा कारागार नियम, 2022 में संशोधन को स्वीकृति दी है।नए प्रावधान के तहत ‘आदतन अपराधी’ की परिभाषा जोड़ी गई है।
अब ‘आदतन अपराधी’ वह व्यक्ति होगा, जिसे किसी भी पाँच वर्षों की निरंतर अवधि में दो से अधिक बार अपराधों के लिए दोषसिद्ध किया गया हो और कारावास की सजा सुनाई गई हो, बशर्ते कि सजा अपील या पुनरीक्षण में रद्द न की गई हो।
गणना के दौरान जेल में बिताई गई अवधि को पाँच वर्ष की अवधि में शामिल नहीं किया जाएगा।
हरियाणा हाउसिंग बोर्ड का एचएसवीपी के साथ विलय
मंत्रिमंडल ने हरियाणा हाउसिंग बोर्ड (संशोधन) विधेयक, 2025 के प्रारूप को मंजूरी प्रदान की है, जिससे हाउसिंग बोर्ड का हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के साथ विलय किया जाएगा।इस कदम से प्रशासनिक दोहराव समाप्त होगा, शहरी विकास कार्यों में समन्वय बढ़ेगा और नागरिकों को सेवाएं अधिक कुशलता से मिलेंगी।
यह निर्णय मुख्यमंत्री के बजट भाषण 2025–26 में की गई घोषणा के अनुरूप है और इससे राज्य पर कोई प्रत्यक्ष वित्तीय प्रभाव नहीं पड़ेगा।
ग्राम शामलात भूमि नियमों में संशोधन
कैबिनेट ने ग्राम शामलात भूमि नियम, 1964 में संशोधन को मंजूरी दी है।अब खेती हेतु पट्टे पर दी जाने वाली भूमि में से 4 प्रतिशत भूमि 60% या अधिक विकलांगता वाले व्यक्तियों के लिए आरक्षित की जाएगी।साथ ही, गौ अभ्यारण्य स्थापना हेतु भूमि पशुपालन विभाग या हरियाणा गौ सेवा आयोग को ₹5100 प्रति एकड़ वार्षिक दर पर 20 वर्ष के लिए पट्टे पर दी जा सकेगी।ग्राम पंचायत अब 250 एकड़ तक की भूमि उपयोग योजना तैयार कर सकेगी (पहले सीमा 100 एकड़ थी)।
हरियाणा जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) अध्यादेश, 2025
मंत्रिमंडल ने अध्यादेश लागू करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी है, जिसके तहत 42 राज्य अधिनियमों में निहित 164 प्रावधानों को अपराध मुक्त किया जाएगा।यह पहल भारत सरकार की “जन विश्वास अधिनियम, 2023” की भावना के अनुरूप है और राज्य स्तर पर अनुपालन बोझ घटाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
पंजाब फैक्ट्री नियम, 1952 में संशोधन को स्वीकृति
संशोधन के तहत महिलाओं को निर्धारित सुरक्षा मानकों के अंतर्गत सभी श्रेणियों के कार्यों में कार्य करने की अनुमति दी जाएगी।शुल्क जमा करने की प्रक्रिया अब पूर्णतः ऑनलाइन होगी।यह बदलाव लैंगिक समानता और महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के साथ-साथ गर्भवती एवं स्तनपान कराने वाली महिलाओं की सुरक्षा भी सुनिश्चित करेगा।
हरियाणा पंचायती राज (संशोधन) अध्यादेश, 2025 को मंजूरी
मंत्रिमंडल ने हरियाणा पंचायती राज अधिनियम, 1994 में संशोधन को स्वीकृति दी है।अब ग्राम सभा की बैठकों के लिए कोरम इस प्रकार होगा —
पहली बैठक में 40%, पहली स्थगित बैठक में 30% और दूसरी स्थगित बैठक में 20% सदस्यों की उपस्थिति आवश्यक होगी।यह संशोधन ग्राम पंचायतों की कार्यकुशलता और पारदर्शिता में वृद्धि करेगा।