बघाट बैंक के एनपीए मामले पर सरकार पर सवाल, विपक्ष ने की जांच की मांग
Hamirpur, Arvind -: जिला सोलन स्थित बघाट बैंक में लगभग 138 करोड़ रुपये के एनपीए को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। भाजपा के वरिष्ठ प्रवक्ता एवं पूर्व विधायक राजेंद्र राणा ने आरोप लगाया है कि प्रदेश सरकार की उदासीनता और कथित संलिप्तता के चलते यह स्थिति बनी है।
राणा ने कहा कि बघाट बैंक के लगभग 22 हजार शेयरधारकों के साथ यह अन्याय है, क्योंकि उनकी मेहनत की कमाई को कुछ चुनिंदा लोगों के हित में खर्च किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार पर “मित्रों को लाभ पहुंचाने” का आरोप पहले भी लगाया गया था, और अब वही बातें सही साबित हो रही हैं।
भाजपा नेता ने यह भी कहा कि प्रदेश की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर हो रही है और सरकार अब तक करीब 40 हजार करोड़ रुपये का ऋण ले चुकी है। उन्होंने चेताया कि यदि यही स्थिति रही, तो प्रदेश को आर्थिक रूप से संभलने में वर्षों लग सकते हैं।राजेंद्र राणा ने आरोप लगाया कि सरकार कर्मचारियों और पेंशनरों की मांगों की अनदेखी कर रही है और महज 3 प्रतिशत डीए बढ़ाकर प्रचार करने में व्यस्त है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे “सरकार की नीतियों के प्रति सजग रहें और जवाबदेही तय करें।