हिसार | हिसार में कांग्रेस के शहरी और ग्रामीण जिलाध्यक्ष मंच संचालन को लेकर हुए विवाद के बाद माफी मांगकर विवाद खत्म कर लिया। दोनों नेताओं पर हरियाणा कांग्रेस अनुशासन समिति की ओर से कार्रवाई की संभावना थी।
जानकारी के अनुसार, अनुशासन समिति ने दोनों जिलाध्यक्षों को नोटिस भेजकर 15 दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने को कहा था। हालांकि, नेताओं ने समय रहते जवाब देकर माफी मांग ली। अनुशासन समिति के चेयरमैन धर्मपाल मलिक ने कहा कि माफी मिलने के बाद मामला समाप्त माना गया और दोनों नेताओं ने भविष्य में ऐसे घटनाक्रम न दोहराने का वादा किया।
विवाद “वोट चोर गद्दी छोड़” अभियान के तहत हिसार में आयोजित प्रदर्शन के दौरान हुआ। मंच संचालन को लेकर ग्रामीण जिलाध्यक्ष बृजलाल बहबलपुरिया और शहरी जिलाध्यक्ष बजरंग दास गर्ग में गहमागहमी हुई थी। मंच पर प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह और सांसद दीपेंद्र हुड्डा भी मौजूद थे।
18 नवंबर को हुए प्रदर्शन के दौरान शहरी जिलाध्यक्ष मंच संचालन करना चाहते थे, लेकिन ग्रामीण जिलाध्यक्ष ने दावा किया कि उन्हें ऊपर से अनुमति मिली है। दोनों के बीच माइक को लेकर भी झड़प हुई। मौके पर हांसी से कांग्रेस उम्मीदवार राहुल मक्कड़ ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया।
अनुशासन समिति ने 22 नवंबर को अंबाला कैंट में हुई बैठक में चार शिकायतें सुनी और तीन मामलों पर खुद संज्ञान लिया। हिसार के दोनों जिलाध्यक्षों का मामला भी इसमें शामिल था। समिति ने तय किया कि अब पार्टी या वरिष्ठ नेताओं के खिलाफ सार्वजनिक मंच, मीडिया या सोशल मीडिया पर बयानबाजी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसा करने पर पहले लिखित स्पष्टीकरण लिया जाएगा और पुख्ता सबूत मिलने पर ही कार्रवाई की जाएगी।