नई दिल्ली। बेंगलुरु के एक कैफे का अनोखा नियम इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। कैफे में लगाए गए एक नोटिस के मुताबिक, यदि कोई ग्राहक एक घंटे से अधिक समय तक मीटिंग करता है तो उससे प्रति घंटे 1,000 रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा। यह नोटिस सामने आते ही इंटरनेट पर बहस छिड़ गई है।
इस नियम की जानकारी बेंगलुरु निवासी शोभित बकलीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कैफे के नोटिस की तस्वीर साझा कर दी। पोस्ट वायरल होते ही लोगों की प्रतिक्रियाएं आने लगीं। कई यूजर्स ने इसे कैफे मालिकों का सही कदम बताया, जबकि कुछ ने इसे ग्राहकों पर अनावश्यक दबाव करार दिया।
नोटिस में साफ लिखा है कि कैफे में लंबी मीटिंग्स की अनुमति नहीं है। अगर कोई समूह एक घंटे से ज्यादा समय तक मीटिंग करता है, तो उससे अतिरिक्त शुल्क लिया जाएगा। कैफे प्रबंधन का मानना है कि घंटों तक चलने वाली बैठकों के कारण व्यस्त समय में टेबल खाली नहीं हो पातीं, जिससे कारोबार प्रभावित होता है।
स्थानीय कारोबारियों का कहना है कि बेंगलुरु में कैफे को ऑफिस की तरह इस्तेमाल करने का चलन बढ़ गया है। लोग एक कप कॉफी ऑर्डर कर घंटों मीटिंग करते रहते हैं, जिससे अन्य ग्राहकों को जगह नहीं मिल पाती। इसी समस्या से निपटने के लिए कैफे ने यह नियम लागू किया है।
वायरल नोटिस ने जहां एक ओर कामकाजी संस्कृति पर सवाल खड़े किए हैं, वहीं दूसरी ओर छोटे व्यवसायों की चुनौतियों को भी उजागर किया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि अन्य कैफे भी इस तरह के नियम अपनाते हैं या नहीं।