यमुनानगर | यमुनानगर में वरयाम सिंह अस्पताल और सिटी मॉल में हुई फायरिंग के मामले में पुलिस ने रविवार सुबह मुठभेड़ के बाद तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। घटना के दौरान पुलिस और बदमाशों के बीच लगभग 25 से 30 राउंड फायरिंग हुई। जवाबी कार्रवाई में दो आरोपितों के पैरों में गोली लगी, जबकि तीसरा आरोपी बाइक से गिरकर घायल हो गया। सभी घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
पुलिस के अनुसार, फिलहाल तीनों आरोपियों का कोई आपराधिक रिकॉर्ड सामने नहीं आया है। उनसे पूछताछ में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि फायरिंग की घटनाओं के पीछे किसका हाथ है और उन्हें किसने भेजा था। जानकारी के अनुसार, 17 दिसंबर को अस्पताल के संचालक और जिले के वरिष्ठ चिकित्सक को गैंगस्टर ने धमकी देकर करोड़ों रुपये की रंगदारी मांगी थी। डॉक्टर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सीधे पुलिस मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों से संपर्क किया।
घटना के बाद सीआईए-1 और सीआईए-2 समेत कई पुलिस टीमों ने जिले में नाकाबंदी और सर्च ऑपरेशन शुरू किया। शनिवार देर रात हुई फायरिंग के बाद पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी रही। रविवार सुबह करीब पांच बजे सूचना मिली कि आरोपी कांसापुर के पास मौजूद हैं। पुलिस ने इलाके की घेराबंदी कर आरोपियों को रोकने की कोशिश की।
पुलिस के अनुसार, जब आरोपियों ने खुद को घिरा देखा तो उन्होंने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में दो घायल हुए और तीसरा बाइक से गिर गया। पुलिस ने मौके पर ही सभी तीनों को काबू कर लिया।
अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ में यह भी पता लगाया जाएगा कि अस्पताल और सिटी मॉल पर फायरिंग रंगदारी से जुड़ी थी या किसी गैंग का कनेक्शन है। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और उम्मीद जताई जा रही है कि पूछताछ से कई अहम खुलासे सामने आएंगे।