चंडीगढ़। पंजाब और हरियाणा में बड़ी संख्या में वाहन बिना बीमा के सड़कों पर दौड़ रहे हैं, जिससे सड़क सुरक्षा पर गंभीर खतरा पैदा हो गया है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लोकसभा में जानकारी दी कि पंजाब में 56.54 लाख, हरियाणा में 41.61 लाख और राजस्थान में 1.19 करोड़ वाहन बिना बीमा के चल रहे हैं।
गडकरी ने बताया कि मोटर वाहन अधिनियम 1988 के तहत सभी वाहनों का बीमा कराना और उनकी फिटनेस सुनिश्चित करना अनिवार्य है। इसके बावजूद कई राज्य इस कानून का पालन करने में नाकाम साबित हो रहे हैं। उन्होंने विशेष रूप से हरियाणा की सड़क दुर्घटनाओं की ओर ध्यान दिलाते हुए कहा कि बिना बीमा चल रहे वाहन आम जनता के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं।
लोकसभा में यह जानकारी होशियारपुर से आम आदमी पार्टी के सांसद राजकुमार चब्बेवाल के सवाल के जवाब में दी गई। मंत्री ने चेतावनी दी कि ऐसे वाहन न केवल चालक बल्कि आम राहगीरों और परिवारों के लिए भी खतरा हैं। हर साल हरियाणा में करीब 12 हजार छोटी-बड़ी सड़क दुर्घटनाएं होती हैं, जिनमें बिना बीमा वाहन शामिल होने की संभावना अधिक रहती है।
विशेषज्ञों के अनुसार, बीमा के बिना वाहन चलाना न सिर्फ कानूनी उल्लंघन है, बल्कि दुर्घटना के समय आर्थिक नुकसान को भी बढ़ाता है। मंत्री गडकरी ने राज्यों से आग्रह किया कि वे वाहन मालिकों को जागरूक करें और बीमा अनिवार्य कर सुरक्षा सुनिश्चित करें।
यह स्थिति न केवल पंजाब और हरियाणा, बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी गंभीर चुनौती पेश करती है। केंद्रीय सरकार ने भी राज्यों को चेतावनी दी है कि अनियमितताओं को गंभीरता से लें और बीमा कवरेज सुनिश्चित करें, ताकि सड़क दुर्घटनाओं में मानव और आर्थिक नुकसान कम किया जा सके।