लक्की मेहता | लुधियाना
बहादुर के रोड स्थित नई सब्जी मंडी में करीब 40 लाख रुपए की लागत से सफाई का ठेका होने के बावजूद मंडी में गंदगी और कूड़े के ढेर आढ़तियों के लिए बड़ी परेशानी बन गए हैं।
आढ़तियों का आरोप है कि ठेका भागवंती देवी एंड संस के पास होने के बावजूद सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमराई हुई है। मंडी के कई हिस्सों में कई-कई दिनों तक कूड़ा नहीं उठाया जाता, जिससे बदबू फैल रही है और कारोबार प्रभावित हो रहा है।
आढ़तियों का कहना है कि ठेकेदार की मनमर्जी के चलते सफाई केवल मुख्य मार्गों तक सीमित रह गई है। मंडी के अंदरूनी हिस्सों, विशेषकर आलू-प्याज शेड के पीछे, कई दिनों तक कूड़ा जमा रहता है। उनका आरोप है कि मार्केट कमेटी के सुपरवाइजरों को लगातार व्हाट्सएप पर कूड़े के ढेरों की तस्वीरें भेजकर सफाई की मांग की जाती है, लेकिन इसके बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं होता। आढ़तियों ने आरोप लगाया कि ठेकेदार द्वारा लगाए गए सफाई कर्मचारी केवल गेट नंबर-1 और गेट नंबर-2 के आसपास सफाई कर औपचारिकता पूरी कर देते हैं। इसके बाद कथित मिलीभगत से सफाई की रिपोर्ट तैयार कर भुगतान ले लिया जाता है, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। उनका कहना है कि कई स्थानों से कूड़ा उठाने के बजाय मंडी के अंदर ही अलग-अलग जगह डंप बना दिए गए हैं। इतना ही नहीं, खाली प्लॉटों में भी कूड़ा डलवाया जा रहा है।
पपीता मंडी के सरपरस्त अमित अवल ने बताया कि कूड़े की नियमित लिफ्टिंग नहीं होने से कई दिनों तक बदबू बनी रहती है। बारिश के मौसम में स्थिति और भी खराब हो गई है। उन्होंने कहा कि पपीता मंडी के प्रवेश द्वार पर भी कूड़े के ढेर लगे रहते हैं, जिससे व्यापारियों और ग्राहकों दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, कुछ खास आढ़तियों को फायदा पहुंचाने के लिए उनके फड़ों के सामने से नियमित रूप से कूड़ा साफ कराया जाता है, जबकि बाकी व्यापारियों को गंदगी के बीच काम करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। फड़ी संचालक ओम प्रकाश, विजय यादव और तनवीर कुमार ने बताया कि पहले नियमित सफाई होती थी, लेकिन अब कई-कई दिनों तक न तो झाड़ू लगाई जाती है और न ही कूड़े का उठान होता है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंडी के अंदर ही कूड़े के ढेर बनाए जा रहे हैं, जिससे पूरे परिसर में बदबू और गंदगी फैल रही है।
सूत्रों का यह भी दावा है कि ठेकेदार ने कम रेट पर सफाई का काम किसी अन्य व्यक्ति को सबलेट कर दिया है, जिसका सीधा असर सफाई व्यवस्था पर पड़ रहा है। हालांकि, इस संबंध में ठेकेदार का पक्ष सामने नहीं आ सका।
चेयरमैन बोले- दोबारा होगी कार्रवाई-
मार्केट कमेटी के चेयरमैन गुरजीत सिंह गिल ने कहा कि उन्होंने पहले भी सचिव हरिंदर सिंह गिल को संबंधित ठेकेदार को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए थे। अब एक बार फिर ठेकेदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने के लिए कहा जाएगा, ताकि मंडी की सफाई व्यवस्था में सुधार लाया जा सके।