summer express , रोहतक। महम में सांगी धनपत सिंह के पड़पोते 17 वर्षीय अरमान की हत्या के मामले में पुलिस पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। पुलिस के अनुसार अरमान की इंस्टाग्राम के जरिए एक युवती से दोस्ती हुई थी। दोनों के बीच इंटरनेट मीडिया के माध्यम से बातचीत होती थी। युवती के भाइयों को जब इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने अरमान को बातचीत बंद करने के लिए कहा, लेकिन आरोप है कि इसके बावजूद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।
पुलिस के अनुसार इसके बाद अरमान की हत्या की साजिश रची गई। मामले में शामिल दोनों आरोपी नाबालिग हैं। पुलिस ने उन्हें अदालत में पेश किया, जहां से दोनों को फरीदाबाद स्थित किशोर गृह भेजने के आदेश दिए गए।
महम थाना प्रभारी सतपाल सिंह के मुताबिक अरमान मूल रूप से गांव निंदाना का रहने वाला था। उसने 10वीं कक्षा तक पढ़ाई की थी। इसके बाद वह भिवानी के कैरू गांव में अपनी बहन के पास रहकर नीट की तैयारी कर रहा था।
पुलिस के अनुसार 15 सितंबर को अरमान अपना जन्मदिन मनाने के लिए निंदाना आया था। उसके गांव पहुंचने की जानकारी आरोपियों को भी हो गई। इसके बाद कथित तौर पर अरमान को महम के हुडा सिटी पार्क में मिलने के लिए बुलाया गया।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि दोनों आरोपी एक अन्य साथी के साथ पार्क पहुंचे थे। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे अरमान को पहले से आमने-सामने नहीं जानते थे। पुलिस अब हत्या के पीछे की पूरी साजिश, आरोपियों की भूमिका और वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।