नारनौल | हरियाणा के नारनौल के रहने वाले ITBP जवान धर्मवीर सिंह की ड्यूटी के दौरान एक दर्दनाक सड़क हादसे में मौत हो गई। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के पास यह हादसा उस वक्त हुआ जब वे दवाई लेने जा रहे थे। अज्ञात वाहन की टक्कर से गंभीर रूप से घायल हुए धर्मवीर को अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
16 साल की सेवा, परिवार को छोड़ गए पीछे
धर्मवीर सिंह (उम्र 40 वर्ष) ITBP की 50वीं बटालियन में जीडी कॉन्स्टेबल के पद पर रामगढ़ (यूपी) में तैनात थे और मसूरी ITBP एकेडमी से अटैच थे। 2009 में फोर्स में भर्ती हुए धर्मवीर ने करीब 16 साल तक देश की सेवा की।
गर्भवती पत्नी, दो मासूम बच्चे और अधूरी जिंदगी
शहीद की पत्नी पिंकी छह माह की गर्भवती हैं। धर्मवीर के दो बच्चे पहले से हैं—13 साल का बेटा अंश आठवीं कक्षा में पढ़ता है और 11 साल की बेटी अंशिका छठी कक्षा की छात्रा है। जवान की असमय मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
गांव में सम्मान के साथ अंतिम विदाई
पैतृक गांव ढाणी बास किरारोद में पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। उनके बेटे अंश ने अपने पिता को मुखाग्नि दी। पार्थिव शरीर के गांव पहुंचते ही लहरोदा से बास तक लोगों ने फूल बरसाकर श्रद्धांजलि दी। गांववासियों ने सम्मान यात्रा निकाली और सैकड़ों लोग अंतिम यात्रा में शामिल हुए। विधायक ओमप्रकाश यादव भी शहीद को अंतिम श्रद्धांजलि देने पहुंचे।
भाईयों में एक योग टीचर, दूसरा यूनिवर्सिटी प्रोफेसर
धर्मवीर के दो भाई हैं—नरेंद्र योगा टीचर हैं और अजय कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर हैं। माता-पिता का देहांत पहले ही हो चुका है। पूरे इलाके में शहीद धर्मवीर की बहादुरी और बलिदान को लेकर शोक और गर्व की भावना देखी गई।