यमुनानगर | यमुनानगर में लगातार हो रही बारिश ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। शहर और आसपास के इलाकों में जगह-जगह जमा पानी अब मच्छरों के प्रजनन का बड़ा कारण बन गया है। इसी के चलते डेंगू और मलेरिया का खतरा तेजी से बढ़ रहा है।
डिप्टी सीएमओ डॉ. सुशीला सैनी ने जानकारी दी कि फिलहाल जिले में डेंगू के 11 और मलेरिया के 3 एक्टिव केस सामने आ चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग अब तक करीब 6500 सैंपल की जांच कर चुका है, जिनमें से 6074 घरों में मच्छरों का लारवा मिला है। विभाग ने इन घरों को नोटिस भी जारी किए हैं।
डॉ. सैनी ने लोगों से अपील की है कि अगर घर या आसपास कहीं पानी जमा है तो उसे तुरंत हटा दें। उन्होंने कहा, “मच्छर जनित बीमारियों से बचने के लिए हफ्ते में एक बार घर की सफाई अवश्य करें। पूरे बाजू के कपड़े पहनें और मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।”
स्वास्थ्य विभाग ने सिविल अस्पताल में डेंगू मरीजों के लिए अलग वार्ड भी तैयार किया है। वहीं बरसात थमने के बाद नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग बड़े पैमाने पर फॉगिंग अभियान चलाने की तैयारी में हैं।
डॉ. सैनी ने बताया कि खासतौर पर स्लम एरिया और उन इलाकों पर ज्यादा ध्यान दिया जा रहा है जहां पानी की निकासी नहीं है। उन्होंने लोगों से दोबारा अपील की है कि अपने घरों के आसपास पानी न जमा होने दें और रात को मच्छरदानी का इस्तेमाल करें ताकि डेंगू जैसी खतरनाक बीमारी से बचा जा सके।