Mandi, 26 August
उपमंडल बालीचौकी के मुख्य बाजार में जमीन धंसने का सिलसिला थम नहीं रहा है। शनिवार रात दो और मकान ढह गए। इस तरह अब तक 13 में से चार मकान पूरी तरह जमींदोज हो चुके हैं। इन इमारतों में 22 दुकानें और रिहायशी कमरे भी थे। प्रभावित परिवारों में केसर सिंह, नारायण दास, डोले राम और बीर सिंह शामिल हैं। करोड़ों की संपत्ति मलबे में तब्दील हो गई है। गेस्ट हाउस और दुकानों समेत पूरा आशियाना टूटने से लोग गहरे सदमे में हैं।
हालांकि प्रशासन ने हालात बिगड़ने से पहले ही घर खाली करवा दिए थे, जिससे जनहानि नहीं हुई। फिर भी प्रभावित परिवार सरकार से उचित मुआवजे और पुनर्वास की मांग कर रहे हैं।इधर, पंडोह से सटे सराज विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत तांदी के लाछ और बाता गांव में भी पहाड़ी धंसने का खतरा बढ़ गया है। करीब 35 घर असुरक्षित हो चुके हैं। इनमें से चार परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है। लाछ गांव की पहाड़ी पूरी तरह हिल चुकी है और लगातार हो रही बारिश से हालात और गंभीर बनते जा रहे हैं।
प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया और 25 प्रभावित परिवारों को तिरपाल व राशन उपलब्ध कराया। ग्रामीणों का कहना है कि भारी बारिश की स्थिति में कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।