Summer express, सिरसा | हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने रविवार को जिले के मस्तानगढ़ (जीवन नगर) क्षेत्र में आयोजित होला मोहल्ला के समापन समारोह में भाग लिया। नामधारी समाज द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस गौरवशाली पर्व में शामिल होकर उन्हें गर्व की अनुभूति हो रही है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि होला मोहल्ला हमारी समृद्ध भारतीय संस्कृति, वीरता और परंपराओं का जीवंत प्रतीक है। यह केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि अन्याय के खिलाफ खड़े होने की प्रेरणा और साहस का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि जीवन में आध्यात्मिकता और वीरता का संतुलन बेहद जरूरी है और होला मोहल्ला हमें यही सीख देता है।
मुख्यमंत्री ने नामधारी समाज के इतिहास की सराहना करते हुए कहा कि यह समाज त्याग, बलिदान और संघर्ष की महान परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने उन नामधारी वीर शहीदों को नमन किया, जिन्होंने देश और धर्म की रक्षा के लिए तोप के गोलों के सामने भी हंसते-हंसते अपने प्राण न्यौछावर कर दिए।
उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार समाज के सामाजिक और धार्मिक प्रयासों में हमेशा कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर प्रदेश की महिलाओं को शुभकामनाएं दीं और महिलाओं के सशक्तिकरण को सरकार की प्राथमिकता बताया।
गौरतलब है कि होला मोहल्ला सिख परंपरा का महत्वपूर्ण पर्व है, जिसकी शुरुआत गुरु गोबिंद सिंह जी ने की थी। इस अवसर पर निशानेबाजी, घुड़सवारी, मार्शल आर्ट्स के प्रदर्शन और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। नामधारी समुदाय द्वारा मस्तानगढ़ सहित कई स्थानों पर इसे बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है, जिसमें हजारों श्रद्धालु हिस्सा लेते हैं।