गुमला | झारखंड पुलिस को नक्सल विरोधी अभियान में एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। गुमला जिले में सुरक्षा बलों ने झारखंड जनमुक्ति परिषद (JJMP) के उप-क्षेत्रीय कमांडर और 5 लाख के इनामी माओवादी फिरोज अंसारी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मंगलवार को इस कार्रवाई की पुष्टि की।
गुमला के पुलिस अधीक्षक हरिस बिन जमान ने जानकारी देते हुए बताया कि गिरफ्तार नक्सली के पास से एक राइफल, लगभग 350 कारतूस, तीन स्मार्टफोन और एक बैग बरामद किया गया है।
खुफिया सूचना पर की गई थी कार्रवाई
एसपी जमान ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि जेजेएमपी का प्रमुख रविंद्र यादव, घाघरा थाना क्षेत्र के घने जंगलों में अपने दस्ते के साथ मौजूद है। इस इनपुट पर कार्रवाई करते हुए एक संयुक्त टीम को इलाके में भेजा गया। सुरक्षा बलों को देखकर नक्सलियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान फिरोज अंसारी को पकड़ लिया गया।
पूछताछ में कबूला परिचय, कई मामलों में था वांछित
पूछताछ के दौरान फिरोज अंसारी ने खुद को झारखंड जनमुक्ति परिषद का सब-जोनल कमांडर बताया। पुलिस के अनुसार, अंसारी लातेहार, लोहरदगा और गुमला जिलों में दर्ज कुल 11 गंभीर आपराधिक मामलों में वांछित था।
क्या है जेजेएमपी?
झारखंड जनमुक्ति परिषद (JJMP) भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) से अलग हुआ एक नक्सली संगठन है, जो झारखंड के कई इलाकों में सक्रिय है। पुलिस के मुताबिक, यह संगठन जबरन वसूली, हथियारों की तस्करी और हिंसक गतिविधियों में लिप्त रहा है।
फिरोज अंसारी की गिरफ्तारी से नक्सल नेटवर्क को बड़ा झटका माना जा रहा है। पुलिस अब उससे जुड़े अन्य सहयोगियों और नेटवर्क की तलाश में जुटी है।