Summer express, कैथल | हरियाणा के कैथल जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक निजी बैंक की महिला अधिकारी को कथित रूप से 60 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। आरोप है कि अधिकारी ने मृतक खाताधारक के लोन से जुड़ी एनओसी जारी करवाने और बीमा क्लेम की प्रक्रिया पूरी कराने के बदले कमीशन की मांग की थी।
एसीबी अधिकारियों के अनुसार, कलायत निवासी रमन ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके दिवंगत पिता ने बैंक से ऋण लिया हुआ था। पिता के निधन के बाद बैंक की ऋण बीमा योजना के तहत लोन का निपटान होना था और परिवार को बीमा क्लेम का लाभ मिलना था। इसी प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए बैंक की एक अधिकारी द्वारा कथित तौर पर आर्थिक लाभ की मांग की जा रही थी।
शिकायत में आरोप लगाया गया कि अधिकारी ने क्लेम राशि जारी करवाने और लोन से संबंधित दस्तावेजों की मंजूरी के एवज में मिलने वाली राशि का 10 प्रतिशत हिस्सा मांगा। शिकायतकर्ता का दावा है कि रकम न देने पर फाइल को लंबित रखने और प्रक्रिया में बाधा डालने की बात कही गई थी।
मामले से परेशान होकर शिकायतकर्ता ने एंटी करप्शन ब्यूरो से संपर्क किया और रिश्वत मांगने से संबंधित बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी उपलब्ध कराई। प्रारंभिक जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद एसीबी ने विशेष योजना बनाकर आरोपी को पकड़ने की कार्रवाई शुरू की।
तय रणनीति के तहत शिकायतकर्ता को रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 60 हजार रुपये लेकर निर्धारित स्थान पर भेजा गया। जैसे ही आरोपी अधिकारी ने राशि स्वीकार की, वहां पहले से मौजूद एसीबी टीम ने उसे मौके पर ही हिरासत में ले लिया।
एसीबी ने आरोपी के कब्जे से रिश्वत की रकम बरामद कर ली है। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
जांच एजेंसियां अब इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि इस मामले में कोई अन्य व्यक्ति या बैंक कर्मचारी भी शामिल था या नहीं। एसीबी अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।