अमेरिका | अमेरिका में खालिस्तानी संगठनों और आपराधिक गिरोहों की मिलीभगत की परतें अब खुलने लगी हैं। हालिया गिरफ्तारी से यह साफ हो गया है कि कट्टरपंथी संगठन ‘सिख्स फॉर जस्टिस’ (SFJ) और गुरपतवंत सिंह पन्नू जैसे चेहरे, अब न केवल विचारधारा बल्कि हथियारों और अपराध के नेटवर्क से भी जुड़े हैं।
कभी आजादी की लड़ाई का केंद्र रहा स्टॉकटन गुरुद्वारा अब इसी नेटवर्क के कब्जे में है। 20 अप्रैल 2025 को इसी गुरुद्वारे से “खालिस्तान कॉकस फाउंडेशन” कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसकी अगुवाई खालिस्तानी समर्थक सुरिंदर सिंह ने की—जो Satluj TV नामक एंटी-इंडिया यूट्यूब चैनल से भी जुड़ा है।
कार्यक्रम के मंच पर दिखाई देने वाला गुरुताज सिंह वही है जिसे पहले भी कैलिफ़ोर्निया में हथियार और अपहरण के मामले में गिरफ्तार किया गया था। अब एक बार फिर FBI, ICE और शेरिफ डिपार्टमेंट की साझा कार्रवाई में वह पकड़ा गया है। उस पर $2.3 मिलियन की जमानत तय की गई है।
गिरफ्तारी के बाद खालिस्तानी गुट अब इनसे दूरी बना सकते हैं, लेकिन अमेरिका की एजेंसियों ने इनके जुर्म और नेटवर्क की पुष्टि कर दी है। हथियार भी बरामद हो चुके हैं और साजिश का चेहरा अब सामने है।
बीते दशक से जिस खतरे की ओर मीडिया इशारा करता रहा, अब वही हकीकत बनकर सामने आ रहा है—अपराध और कट्टरपंथ का घातक गठजोड़।