जालंधर | गर्मी और उमस के बीच बिजली की मांग जहां बढ़ रही है, वहीं बिजली चोरी के मामले भी तेजी से सामने आ रहे हैं। इसे देखते हुए पावरकॉम ने एक विशेष अभियान के तहत जालंधर सर्कल में ताबड़तोड़ चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान बिजली चोरी और ओवरलोड के कुल 68 मामले पकड़े गए, जिन पर 12.22 लाख रुपये का जुर्माना ठोका गया।
20 टीमों ने एकसाथ की रेड
पावरकॉम सर्कल हैड और डिप्टी चीफ इंजीनियर गुलशन चुटानी की अगुवाई में शुक्रवार को एक बैठक के बाद 20 टीमों का गठन किया गया, जिन्होंने शनिवार सुबह अलग-अलग इलाकों में एकसाथ औचक चेकिंग की। इस अभियान में घरेलू, कमर्शियल और इंडस्ट्रियल श्रेणियों के 962 कनेक्शन जांचे गए।
उल्लंघन के प्रमुख मामले
इनमें 10 उपभोक्ताओं को सीधी बिजली चोरी करते हुए पकड़ा गया, जबकि 58 उपभोक्ता निर्धारित लोड से अधिक बिजली का उपयोग करते पाए गए। अधिक लोड के चलते बार-बार सिस्टम फॉल्ट आने और ट्रांसफॉर्मर के क्षतिग्रस्त होने की घटनाएं बढ़ रही थीं।
डिवीजनवार कार्रवाई
- मॉडल टाउन डिवीजन: सबसे अधिक ₹5.02 लाख का जुर्माना, 3 चोरी के केस
- ईस्ट डिवीजन: ₹2.5 लाख जुर्माना, 2 चोरी के केस
- वेस्ट डिवीजन: ₹29,000 का जुर्माना
- कैंट डिवीजन: ₹42,000 का जुर्माना, 16 मामले पकड़े
- फगवाड़ा डिवीजन: ₹3.99 लाख जुर्माना, 29 केस
घर की बिजली से दुकान चलाना गैरकानूनी
चेकिंग के दौरान यह भी पाया गया कि कई लोग घरेलू मीटर से व्यावसायिक गतिविधियां चला रहे थे, जो नियमों के विरुद्ध है। अधिकारियों ने कहा कि दुकानों या ऑफिसों के लिए अलग मीटर लेना अनिवार्य है।
बिजली चोरी रोकने को जारी रहेगा अभियान
इंजीनियर गुलशन चुटानी ने कहा कि गर्मियों के पूरे सीजन में चोरी पर विशेष नजर रखी जाएगी और चेकिंग मुहिम लगातार जारी रहेगी। आने वाले दिनों में हॉटस्पॉट लोकेशनों पर भी औचक कार्रवाई की जाएगी।