चंडीगढ़ | पंजाब सरकार राज्य की औद्योगिक नीतियों को और मजबूत व सेक्टर-केंद्रित बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऐलान किया कि हर उद्योग सेक्टर के लिए अलग-अलग कमेटियां बनाई जाएंगी जो सरकार को अपनी सिफारिशें देंगी।
22 नई कमेटियां, हर एक की अलग जिम्मेदारी
अरोड़ा ने बताया कि सरकार कुल 22 कमेटियों का गठन कर रही है। खास बात यह है कि टेक्सटाइल इंडस्ट्री के लिए तीन कमेटियां बनाई गई हैं, जबकि अन्य सभी सेक्टरों के लिए एक-एक कमेटी का गठन होगा। हर कमेटी में 8-10 सदस्य होंगे और ये दो साल के कार्यकाल के लिए बनाई जा रही हैं।
नीति में आएंगे सेक्टर आधारित बदलाव
मंत्री ने कहा कि सभी कमेटियों को 45 दिनों के भीतर अपनी पहली रिपोर्ट सरकार को सौंपनी होगी, ताकि जल्द से जल्द सेक्टर की जरूरतों के अनुसार नई उद्योग नीति लागू की जा सके।
कमेटियों की भूमिका
हर कमेटी यह आकलन करेगी कि उसके संबंधित सेक्टर की प्रमुख आवश्यकताएं क्या हैं और मौजूदा नीति में किन बदलावों की जरूरत है। अरोड़ा ने कहा, “एक सेक्टर के लिए जो नीति सही हो सकती है, वह दूसरे सेक्टर पर लागू नहीं की जा सकती। इसलिए सेक्टर-विशिष्ट इनपुट ज़रूरी हैं।”
सरकार का उद्देश्य
इस पहल का मकसद है हर उद्योग को उसकी विशिष्ट ज़रूरतों के अनुसार बेहतर सहयोग देना और पंजाब को औद्योगिक निवेश और विकास के लिए और अधिक आकर्षक बनाना।