पंजाब | छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और पंजाब कांग्रेस प्रभारी भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शुक्रवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग के उस मामले से जुड़ी बताई जा रही है, जो बहुचर्चित छत्तीसगढ़ शराब घोटाले से संबंधित है। हालांकि, गिरफ्तारी को लेकर अभी तक ED की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
ईडी की टीम भिलाई स्थित चैतन्य बघेल के आवास पर तीन वाहनों में पहुंची। टीम के साथ सीआरपीएफ के जवान भी मौजूद थे। सूत्रों के मुताबिक, यह तलाशी धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत नए साक्ष्यों के आधार पर की गई थी। तलाशी के बाद ईडी ने चैतन्य बघेल को हिरासत में ले लिया।
गौरतलब है कि इससे पहले मार्च 2024 में भी ईडी ने चैतन्य बघेल के परिसरों पर छापा मारा था। जांच एजेंसी का दावा है कि छत्तीसगढ़ में हुए शराब घोटाले से राज्य को हजारों करोड़ का नुकसान हुआ है और कथित ‘शराब सिंडिकेट’ ने इस घोटाले से करीब 2,100 करोड़ रुपये से ज्यादा की अवैध कमाई की।
इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए भूपेश बघेल ने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, “पिछली बार मेरे जन्मदिन पर ED आई थी, और अब मेरे बेटे के जन्मदिन पर उसे भेजा गया है। सरकार ईडी का इस्तेमाल राजनीतिक प्रतिशोध के लिए कर रही है, लेकिन मैं डरने वाला नहीं हूं।”
ईडी की यह ताज़ा कार्रवाई एक बार फिर इस बहुचर्चित घोटाले और उसके राजनीतिक असर को सुर्खियों में ले आई है।