August, 2025
2013 में रिलीज हुई संवेदनशील प्रेमकथा रांझणा एक बार फिर चर्चा में है, लेकिन इस बार वजह उसके भावनात्मक दृश्यों या दमदार अभिनय नहीं, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के जरिए बदला गया क्लाइमैक्स है।
हाल ही में फिल्म की री-रिलीज़ की घोषणा के साथ ही इसके अंत को बदल दिया गया, जिससे फिल्म के मुख्य अभिनेता धनुष और निर्देशक आनंद एल राय बेहद नाराज हैं। दोनों का कहना है कि यह बदलाव फिल्म की आत्मा से खिलवाड़ है और इसे ‘कला की हाइजैकिंग’ कहा जा सकता है।
धनुष का बयान — “AI ने फिल्म की आत्मा छीन ली”
धनुष ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए लिखा—रांझणा के क्लाइमैक्स को AI की मदद से बदलकर फिर से रिलीज़ करना बेहद निराशाजनक है। इस बदलाव ने फिल्म की आत्मा को छीन लिया है। मेरी आपत्ति के बावजूद यह कदम उठाया गया, जो चिंताजनक है।उन्होंने कहा कि फिल्मों में AI के जरिए बदलाव करना न केवल कलाकारों की मेहनत के साथ अन्याय है, बल्कि सिनेमा के भविष्य के लिए भी खतरा है। धनुष ने उम्मीद जताई कि ऐसी प्रथाओं को रोकने के लिए जल्द कड़े नियम बनाए जाएंगे।
निर्देशक आनंद एल राय भी खफा
धनुष से पहले निर्देशक आनंद एल राय ने भी एक्स पर लिखा—इस बदलाव में मेरा कोई योगदान नहीं है। ‘रांझणा’ सिर्फ एक फिल्म नहीं थी, बल्कि मानवीय भावनाओं और खामियों से बनी एक रचना थी। जो अब दिखाया जा रहा है, वह ट्रिब्यूट नहीं, बल्कि हाइजैकिंग है।”
विवाद की वजह
रिपोर्ट्स के मुताबिक, री-रिलीज़ वर्जन में AI तकनीक के जरिए किरदारों की किस्मत को नया मोड़ दिया गया। नतीजतन, कहानी का भावनात्मक असर पूरी तरह बदल गया, जिससे फैंस और कलाकारों दोनों को झटका लगा है।
आगे क्या?
यह मामला फिल्म इंडस्ट्री में AI के इस्तेमाल पर नई बहस छेड़ रहा है—क्या रचनात्मक स्वतंत्रता के नाम पर मूल रचनाओं को बदलना सही है? धनुष और आनंद एल राय का विरोध इस दिशा में एक महत्वपूर्ण संदेश माना जा रहा है।